टीवी जगत की मशहूर अभिनेत्री शिवांगी जोशी आज किसी पहचान की मोहताज नहीं हैं। ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ में नायरा का किरदार निभाकर घर-घर में लोकप्रिय हुई शिवांगी की सफलता के पीछे एक लंबा संघर्ष छिपा है। हाल ही में एक इंटरव्यू के दौरान अभिनेत्री ने अपने करियर के शुरुआती दौर की कठिनाइयों को साझा किया।
शिवांगी ने बताया कि एक वक्त ऐसा भी आया था जब वह मुंबई में स्ट्रगल से परेशान होकर हमेशा के लिए घर लौटने का मन बना चुकी थीं। उनके पास सफलता साबित करने के लिए बहुत कम समय था और उम्मीदें लगभग खत्म हो चुकी थीं।
घर से मिला था सिर्फ 6 महीने का वक्त
पिंकविला को दिए एक इंटरव्यू में शिवांगी जोशी ने अपने संघर्ष के दिनों को याद करते हुए बताया कि जब वह मुंबई आई थीं, तो उन्हें अपने परिवार से खुद को साबित करने के लिए सिर्फ छह महीने का समय मिला था। उन्होंने कहा, ‘उन छह महीनों में मेरे साथ क्या-क्या नहीं हुआ, मैं उस दौर को याद भी नहीं करना चाहती।’
हालात ऐसे बन गए थे कि वह समय सीमा समाप्त होने वाली थी और उनके हाथ में कोई बड़ा प्रोजेक्ट नहीं था। शिवांगी के मुताबिक, उनके पास मुंबई में रहने के लिए केवल आखिरी के दो दिन बचे थे और घर वापसी की पूरी तैयारी हो चुकी थी।
एक कॉल ने बदल दी जिंदगी
शिवांगी ने इंटरव्यू में बताया कि वह मुंबई छोड़कर जाना नहीं चाहती थीं। उन्होंने अपनी मां से रुकने की गुजारिश भी की थी, लेकिन उस वक्त कुछ समझ नहीं आ रहा था कि आगे क्या किया जाए। तभी किस्मत ने करवट ली।
अभिनेत्री ने खुलासा किया कि मुंबई छोड़ने के आखिरी दिन उन्हें एक ऐड फिल्म के लिए कॉल आया। यह विज्ञापन ‘आशीर्वाद रवा इडली’ का था। शिवांगी ने बताया, ‘वह एक साउथ इंडियन विज्ञापन था। मुझे वह काम मिल गया और इसी वजह से हम मुंबई में रुक गए। हम घर वापस नहीं गए और वहीं से मेरे करियर की असली शुरुआत हुई।’
‘खेलती है जिंदगी आंख मिचोली’ से हुई थी शुरुआत
शिवांगी जोशी ने अपने अभिनय करियर की शुरुआत टीवी शो ‘खेलती है जिंदगी आंख मिचोली’ से की थी। हालाकि, उन्हें असली पहचान और स्टारडम स्टार प्लस के लोकप्रिय शो ‘ये रिश्ता क्या कहलाता है’ से मिला। इस शो में नायरा की भूमिका ने उन्हें टीवी की सबसे महंगी और लोकप्रिय अभिनेत्रियों की सूची में शामिल कर दिया।
आज शिवांगी जोशी अपने काम के साथ-साथ अपनी निजी जिंदगी और सोशल मीडिया प्रेजेंस को लेकर भी सुर्खियों में बनी रहती हैं। उनकी यह कहानी उन युवाओं के लिए प्रेरणा है जो सपनों को पूरा करने के लिए मुंबई आते हैं।