इंदौर: विरोध के बाद प्रीतमलाल दुआ सभागृह का किराया घटा, सांस्कृतिक संस्थाओं को मिलेगी बड़ी राहत

इंदौर की सांस्कृतिक गतिविधियों के केंद्र कहे जाने वाले प्रीतमलाल दुआ सभागृह (Preetam Lal Dua Sabhagruh) को लेकर एक अहम फैसला लिया गया है। प्रशासन ने सभागृह के किराए में कटौती करने की घोषणा की है। यह निर्णय शहर की तमाम कला और सांस्कृतिक संस्थाओं के लिए एक बड़ी राहत बनकर आया है।

बीते कुछ समय से इस सभागृह का किराया बढ़ा दिया गया था, जिससे छोटे आयोजकों और कलाकारों के सामने संकट खड़ा हो गया था। किराए में हुई इस वृद्धि का शहर के कला जगत ने तीखा विरोध किया था।

विरोध के बाद प्रशासन ने बदला फैसला

जानकारी के मुताबिक, कुछ समय पहले प्रीतमलाल दुआ सभागृह के उपयोग शुल्क में बढ़ोतरी की गई थी। इस फैसले का असर उन छोटी और मंझोली संस्थाओं पर पड़ रहा था जो सीमित बजट में अपने कार्यक्रम आयोजित करती हैं। शहर की अनेक संस्थाओं ने एकजुट होकर इस बढ़ी हुई दरों का विरोध किया था।

संस्थाओं का तर्क था कि किराए में इजाफे के कारण सांस्कृतिक गतिविधियां प्रभावित हो रही हैं और नए कलाकारों को मंच नहीं मिल पा रहा है। लगातार हो रहे विरोध प्रदर्शनों और ज्ञापनों के बाद प्रशासन ने इस मुद्दे पर गंभीरता से पुनर्विचार किया।

कलाकारों और आयोजकों को मिलेगी मदद

प्रशासन द्वारा किराए में कमी के फैसले से अब शहर में सांस्कृतिक आयोजनों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। यह सभागृह इंदौर के प्रमुख सांस्कृतिक स्थलों में गिना जाता है, जहां अक्सर नाटकों, संगीत समारोहों और साहित्यिक गोष्ठियों का आयोजन होता रहता है।

बढ़ी हुई दरों के कारण कई आयोजकों ने यहां कार्यक्रम करना बंद या कम कर दिया था। अब दरों में संशोधन के बाद यह उम्मीद जताई जा रही है कि सभागृह में फिर से पुरानी रौनक लौट आएगी और स्थानीय कलाकारों को अपनी प्रतिभा दिखाने का उचित मंच मिल सकेगा।