बजट 2026 को लेकर तारीख पर सस्पेंस, क्या 1 फरवरी को पेश होगा देश का आम बजट?

देशभर में बजट 2026 का बेसब्री से इंतजार किया जा रहा है, लेकिन इस बार चर्चा बजट की घोषणाओं से ज्यादा उसकी तारीख को लेकर है। वजह यह है कि इस साल 1 फरवरी रविवार को पड़ रहा है। आमतौर पर रविवार को सरकारी दफ्तर और संसद का कामकाज नहीं होता, ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या सरकार छुट्टी के दिन ही देश का आम बजट पेश करेगी या तारीख में बदलाव किया जाएगा।

सरकार की मंशा क्या कहती है

केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण वित्त वर्ष 2026-27 का बजट पेश करने की तैयारियों में जुटी हुई हैं। सरकारी सूत्रों के अनुसार, सरकार 1 फरवरी की तय परंपरा को बनाए रखने के मूड में है, भले ही उस दिन रविवार ही क्यों न हो। हालांकि, फिलहाल इस पर अंतिम फैसला नहीं लिया गया है और औपचारिक घोषणा बाकी है।

बुधवार को होगी अहम कैबिनेट बैठक

बजट की तारीख और संसद सत्र को लेकर स्थिति बुधवार को साफ हो सकती है। संसदीय मामलों की कैबिनेट समिति (CCPA) की बैठक में बजट सत्र की तारीखों के साथ-साथ बजट पेश करने के दिन पर भी अंतिम मुहर लगाई जाएगी। अगर समिति की सहमति मिलती है, तो यह उन गिने-चुने मौकों में से एक होगा जब संसद रविवार को बैठेगी और बजट पेश किया जाएगा। इससे पहले भी खास परिस्थितियों में रविवार को बजट पेश किया जा चुका है।

28 जनवरी से शुरू हो सकता है बजट सत्र

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, बजट सत्र की शुरुआत 28 जनवरी से होने की संभावना है। सत्र के पहले दिन राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू संसद के दोनों सदनों की संयुक्त बैठक को संबोधित कर सकती हैं। इसके अगले दिन यानी 29 जनवरी को आर्थिक सर्वेक्षण पेश किया जा सकता है, जिसमें देश की आर्थिक स्थिति, विकास दर और चुनौतियों का पूरा ब्यौरा दिया जाता है।

रविवार को बजट, आम लोगों के लिए भी खास दिन

संभावना है कि 30 और 31 जनवरी को अवकाश रहेगा। ऐसे में अगर सरकार 1 फरवरी को ही बजट पेश करती है, तो यह रविवार के दिन होगा। यह आम जनता के लिए भी खास हो सकता है, क्योंकि छुट्टी के दिन लोग आराम से वित्त मंत्री का बजट भाषण सुन सकेंगे और यह समझ पाएंगे कि नए बजट का उनकी आय, खर्च और भविष्य की योजनाओं पर क्या असर पड़ेगा।