एमवाय हॉस्पिटल इंदौर में सामने आए चिकित्सकीय लापरवाही के मामले को लेकर उप मुख्यमंत्री राजेन्द्र शुक्ल ने कड़ा रुख अपनाया है। उन्होंने इस प्रकरण को गंभीर मानते हुए तत्काल संज्ञान लिया और प्रारंभिक जानकारी प्राप्त करने के बाद संबंधित डॉक्टरों तथा सहायक स्टाफ की भूमिका की विस्तृत जांच कराने के निर्देश दिए हैं। इसके साथ ही उन्होंने स्पष्ट किया है कि यदि जांच में किसी भी स्तर पर लापरवाही या दोष सामने आता है, तो संबंधित अधिकारियों और कर्मचारियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।
उप मुख्यमंत्री ने अस्पताल प्रशासन को यह भी निर्देश दिए हैं कि प्रभावित शिशु को हर संभव और सर्वोत्तम चिकित्सकीय उपचार उपलब्ध कराया जाए, ताकि उसकी सेहत को किसी भी प्रकार का नुकसान न हो। उन्होंने कहा कि मरीजों की सुरक्षा, समय पर इलाज और मानवीय संवेदनाओं के साथ सेवा देना स्वास्थ्य व्यवस्था की सबसे बड़ी जिम्मेदारी है।
उन्होंने यह भी दोहराया कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर और जवाबदेह बनाने के लिए लगातार प्रयासरत है और इस तरह की लापरवाही को किसी भी हाल में स्वीकार नहीं किया जाएगा। भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो, इसके लिए आवश्यक सुधारात्मक कदम उठाने के भी संकेत दिए गए हैं।