इंदौर: शहर में लगातार जानलेवा साबित हो रहे चाइनीज मांझे (धागे) पर जिला प्रशासन ने अब कड़ा रुख अपना लिया है। कलेक्टर शिवम वर्मा ने साफ चेतावनी दी है कि अगर पतंगबाजी में इस्तेमाल होने वाले इस प्रतिबंधित धागे से किसी नागरिक की जान जाती है या कोई गंभीर रूप से घायल होता है, तो दोषियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 106(1) के तहत गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
यह फैसला चाइनीज मांझे से इंसानों और पक्षियों को होने वाले लगातार नुकसान को देखते हुए लिया गया है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इस मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
गैर इरादतन हत्या का मामला, 5 साल तक की सजा
कलेक्टर वर्मा ने बताया कि चाइनीज धागे के उपयोग पर पहले से ही भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत प्रतिबंध लागू है। इसके बावजूद, चोरी-छिपे इसका इस्तेमाल जारी है, जिससे गंभीर घटनाएं हो रही हैं।
इसी को देखते हुए अब नियमों को और सख्त कर दिया गया है। नई व्यवस्था के तहत, यदि चाइनीज मांझे से किसी की मृत्यु होती है, तो इसे एक हादसा न मानकर अपराध माना जाएगा। दोषियों पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 106(1) के तहत कार्रवाई होगी, जिसमें पांच साल तक की कैद और जुर्माने का प्रावधान है। इसके अलावा, प्रतिबंध के आदेश का उल्लंघन करने पर धारा 223 के तहत भी केस दर्ज होगा।
‘कोई भ्रम में न रहे, प्रशासन की हर स्तर पर नजर’
कलेक्टर ने सख्त लहजे में कहा, “जो लोग यह सोच रहे हैं कि वे छिपकर चाइनीज मांझे का उपयोग कर लेंगे और पकड़े नहीं जाएंगे, तो वे भ्रम में न रहें। प्रशासन हर स्तर पर निगरानी कर रहा है।” उन्होंने यह भी साफ किया कि त्योहार की खुशी किसी की जान की कीमत पर नहीं मनाई जा सकती। प्रशासन का यह कदम नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करने और प्रतिबंधित मांझे के उपयोग को पूरी तरह से खत्म करने के लिए उठाया गया है।