ज्योतिष शास्त्र में लोहे से बनी अंगूठी को खास महत्व दिया गया है। लोहा शनि देव से जुड़ी धातु मानी जाती है, इसलिए इसे धारण करने से शनि के अशुभ प्रभावों में कमी आने की मान्यता है। धार्मिक विश्वासों के अनुसार, लोहे की अंगूठी पहनने से साढ़ेसाती और ढैय्या जैसी स्थितियों में राहत मिल सकती है। हालांकि शास्त्रों में इसे पहनने से जुड़े कुछ नियम बताए गए हैं, जिनका पालन करना बेहद जरूरी माना गया है।
गलत तरीके से पहनने पर हो सकती हैं परेशानियां
मान्यता है कि यदि लोहे की अंगूठी को नियमों की अनदेखी कर या गलत विधि से पहना जाए, तो शनि देव अप्रसन्न हो सकते हैं। ऐसे में व्यक्ति को मानसिक तनाव, आर्थिक नुकसान और जीवन में रुकावटों का सामना करना पड़ सकता है। इसलिए इसे धारण करने से पहले शास्त्रीय नियमों को जानना और उनका पालन करना आवश्यक माना गया है।
किस उंगली में पहनना माना जाता है शुभ
हस्तरेखा और ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हाथ की मध्यमा यानी बीच वाली उंगली का सीधा संबंध शनि देव से होता है। इसी कारण पुरुषों के लिए दाएं हाथ की मध्यमा उंगली में लोहे की अंगूठी पहनना सबसे शुभ बताया गया है। कुछ विशेष परिस्थितियों में इसे बाएं हाथ की मध्यमा उंगली में भी धारण किया जा सकता है।
धारण करने का सही दिन और समय
लोहे की अंगूठी किसी भी दिन पहन लेना उचित नहीं माना जाता। इसे धारण करने के लिए शनिवार का दिन सबसे उत्तम माना गया है, क्योंकि यह दिन शनि देव को समर्पित होता है। इसके अलावा अमावस्या तिथि पर इसे पहनना विशेष फलदायी माना गया है। समय की बात करें तो प्रदोष काल, यानी सूर्यास्त के समय इसे धारण करना श्रेष्ठ माना जाता है।
लोहे की अंगूठी धारण करने की विधि
अंगूठी को सीधे पहनने से पहले उसका विधिवत शुद्धिकरण और सिद्धि करना जरूरी माना गया है। इसके लिए सबसे पहले अंगूठी को सरसों के तेल में रखें। इसके बाद “ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र का 108 बार जप करें। फिर अंगूठी को गंगाजल से धोकर शुद्ध करें और शनि देव की प्रतिमा के सामने रखें। शनि चालीसा का पाठ और आरती करने के बाद श्रद्धा भाव से अंगूठी धारण करें।
किसे पहननी चाहिए और किसे नहीं
ज्योतिष के अनुसार, जिन लोगों पर शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या या महादशा का प्रभाव चल रहा हो, उनके लिए लोहे की अंगूठी लाभकारी मानी जाती है। लेकिन इसे पहनने से पहले किसी योग्य ज्योतिषाचार्य की सलाह लेना जरूरी है। बिना सलाह के इसे पहनना कुछ मामलों में विपरीत परिणाम भी दे सकता है।
लोहे की अंगूठी पहनने से होने वाले लाभ
यदि लोहे की अंगूठी को सही नियम और विधि के अनुसार पहना जाए, तो इसके सकारात्मक प्रभाव देखने को मिलते हैं। इससे नौकरी, व्यापार और करियर में आ रही बाधाएं धीरे-धीरे दूर होती हैं। साथ ही शनि देव की कृपा से आर्थिक स्थिति में स्थिरता आती है और जीवन में संतुलन बना रहता है।