Silver Gold Price In Evening : गुरुवार, 22 जनवरी को सर्राफा बाजार में बड़ी गिरावट दर्ज की गई है। चांदी की कीमतों में करीब 5 फीसदी की भारी कमी आई है।
इंडियन बुलियन एंड ज्वेलर्स एसोसिएशन (IBJA) के आंकड़ों के मुताबिक, चांदी एक ही दिन में 19,386 रुपये प्रति किलो सस्ती हो गई है। वहीं, सोने के भाव में भी 3,000 रुपये से अधिक की गिरावट देखने को मिली है।
बाजार खुलने के समय चांदी 3,03,584 रुपये प्रति किलो के स्तर पर थी। कारोबारी सत्र के अंत में यह लुढ़ककर 2,99,711 रुपये पर बंद हुई। इससे एक दिन पहले यानी बुधवार को चांदी 3,19,097 रुपये पर बंद हुई थी।
गौरतलब है कि कारोबार के दौरान चांदी ने 3,20,075 रुपये का ऑल टाइम हाई भी बनाया था, लेकिन ऊपरी स्तरों पर यह टिक नहीं सकी।
सोने की चमक भी आज फीकी पड़ी है। पीली धातु की कीमत 3,099 रुपये गिरकर 1,51,128 रुपये प्रति 10 ग्राम पर आ गई है। इससे पहले सोने ने 1,55,204 रुपये का उच्च स्तर छुआ था और बाजार बंद होने तक 1,54,277 रुपये पर रहा था।
गिरावट की तीन प्रमुख वजहें
बाजार विशेषज्ञों ने कीमतों में आई इस गिरावट के पीछे मुख्य रूप से तीन कारण गिनाए हैं। पहला, पिछले दिनों आई रिकॉर्ड तेजी के बाद निवेशकों ने मुनाफावसूली (Profit Booking) शुरू कर दी है। दूसरा, शेयर बाजार में लौटी तेजी के कारण सुरक्षित निवेश (Safe Haven) माने जाने वाले सोने-चांदी की मांग अस्थाई रूप से घटी है। तीसरा, वैश्विक स्तर पर जियोपॉलिटिकल तनाव में कमी आने से भी कीमती धातुओं पर दबाव बना है।
निवेशकों के लिए क्या है सलाह?
अगर आप सोने-चांदी में नई खरीदारी या निवेश की योजना बना रहे हैं, तो एक्सपर्ट्स ने फिलहाल थोड़ा इंतजार करने की सलाह दी है। बाजार में अभी मुनाफावसूली का दौर चल रहा है, जिससे कीमतों में और गिरावट की संभावना बनी हुई है। हालांकि, जिन निवेशकों ने ऊंचे भाव पर खरीदारी की है, उन्हें घबराने के बजाय लंबी अवधि के लिए होल्ड करना चाहिए क्योंकि बाजार के फंडामेंटल्स अब भी मजबूत हैं।
2025 में मिला था रिकॉर्ड रिटर्न
बीते साल यानी 2025 में सोने और चांदी ने निवेशकों को जबरदस्त रिटर्न दिया था। आंकड़ों के अनुसार, 2025 में सोने की कीमतों में 75% की बढ़ोतरी दर्ज की गई। 31 दिसंबर 2024 को 10 ग्राम सोना 76,162 रुपये का था, जो 31 दिसंबर 2025 को बढ़कर 1,33,195 रुपये हो गया। इसी तरह चांदी ने 167% का रिटर्न दिया।
यह 86,017 रुपये से बढ़कर साल के आखिर में 2,30,420 रुपये प्रति किलो तक पहुंच गई थी।निवेशक फिजिकल गोल्ड-सिल्वर (सिक्के) या गोल्ड-सिल्वर एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स (ETF) के जरिए बाजार में निवेश कर सकते हैं।