Bhopal News : मध्य प्रदेश पुलिस मुख्यालय (PHQ) ने भ्रष्टाचार और शोषण के गंभीर आरोपों में फंसे सहायक पुलिस महानिरीक्षक (AIG) राजेश मिश्रा के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है। CID शाखा में तैनात मिश्रा को PHQ से हटाकर पुलिस ट्रेनिंग एंड रिसर्च इंस्टीट्यूट (PTRI) भेज दिया गया है। उनकी जगह संतोष सिंह भदौरिया को नई जिम्मेदारी सौंपी गई है।
यह कार्रवाई राजस्थान की एक फैशन डिजाइनर द्वारा लगाए गए 30.59 लाख रुपए की धोखाधड़ी, शारीरिक और मानसिक शोषण के आरोपों के बाद हुई है। PHQ का यह फैसला इसलिए महत्वपूर्ण है ताकि मिश्रा अपने पद का इस्तेमाल कर उनके खिलाफ चल रही जांच को प्रभावित न कर सकें।
क्या हैं AIG मिश्रा पर आरोप?
AIG राजेश मिश्रा पर राजस्थान की एक फैशन डिजाइनर ने पिछले साल गंभीर आरोप लगाए थे। पीड़िता ने 31 अक्टूबर को डीजीपी और मुख्य सचिव (CS) को भेजी अपनी शिकायत में कहा था कि मिश्रा ने उनसे 30.59 लाख रुपए हड़प लिए और उनका शारीरिक व मानसिक शोषण भी किया। अपनी शिकायत के समर्थन में महिला ने चैट और अन्य साक्ष्य भी सौंपे थे।
जांच में देरी पर उठे सवाल
इस मामले की जांच सीआईडी शाखा ही कर रही है, जहां मिश्रा खुद एक वरिष्ठ पद पर तैनात थे। इसी वजह से जांच की निष्पक्षता पर लगातार सवाल उठ रहे थे। शिकायत दर्ज हुए तीन महीने से ज्यादा का समय बीत जाने के बाद भी जांच किसी ठोस नतीजे पर नहीं पहुंच सकी है।
जांच में हो रही देरी से नाराज होकर पीड़िता ने पुलिस मुख्यालय की कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। साथ ही, कार्रवाई न होने पर पीड़ित पक्ष की ओर से डीजीपी को एक लीगल नोटिस भी भेजा गया था। माना जा रहा है कि बढ़ते दबाव के बाद ही PHQ ने मिश्रा को विभाग से बाहर भेजने का फैसला किया, ताकि जांच को निष्पक्ष रूप से पूरा किया जा सके। फिलहाल जांच अंतिम और महत्वपूर्ण चरण में बताई जा रही है।