नई दिल्ली। जो परिवार साल 2026 में शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें अपनी योजनाएं जल्द बनानी होंगी। ज्योतिषीय गणना और हिंदू पंचांग के अनुसार, साल 2026 में विवाह के लिए कुल मिलाकर केवल 47 शुभ मुहूर्त ही उपलब्ध होंगे। इस दौरान ग्रहों की स्थिति और चातुर्मास के कारण कई महीनों तक लंबा इंतजार करना पड़ेगा।
खास बात यह है कि फरवरी 2026 में शादी के लिए सबसे ज्यादा 12 शुभ दिन मिलेंगे, जबकि अप्रैल, मई और जून में गुरु और शुक्र तारा अस्त होने के कारण एक भी मुहूर्त नहीं होगा। इसके बाद जुलाई के मध्य से नवंबर तक चातुर्मास के चलते विवाह नहीं हो पाएंगे। ऐसे में सीमित तारीखों के कारण वेडिंग वेन्यू और अन्य सेवाओं की मांग बढ़ने की संभावना है।
फरवरी 2026 रहेगा सबसे व्यस्त महीना
पंचांग के मुताबिक, साल 2026 में फरवरी का महीना शादियों के लिए सबसे अनुकूल रहेगा। इस महीने में कुल 12 शुभ मुहूर्त हैं, जो किसी भी अन्य महीने से ज्यादा हैं। जो लोग सर्दियों में शादी करना पसंद करते हैं, उनके लिए यह महीना सबसे बेहतरीन विकल्प हो सकता है।
अप्रैल से जून तक क्यों नहीं बजेगी शहनाई?
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, विवाह जैसे शुभ कार्यों के लिए बृहस्पति (गुरु) और शुक्र ग्रह का उदित अवस्था में होना अनिवार्य है। साल 2026 में अप्रैल से लेकर जून तक ये दोनों महत्वपूर्ण ग्रह अस्त रहेंगे। इस अवधि को ‘तारा डूबना’ भी कहा जाता है। इस दौरान किसी भी तरह के मांगलिक कार्य करना वर्जित माना गया है, इसीलिए इन तीन महीनों में विवाह का कोई मुहूर्त नहीं है।
चातुर्मास का प्रभाव
जुलाई में कुछ शुभ मुहूर्त के बाद 20 जुलाई से देवशयनी एकादशी के साथ चातुर्मास प्रारंभ हो जाएगा। इस दौरान भगवान विष्णु चार महीनों के लिए योग निद्रा में चले जाते हैं। यह अवधि 12 नवंबर को देवउठनी एकादशी पर समाप्त होगी। चातुर्मास के दौरान भी विवाह जैसे मांगलिक कार्य नहीं किए जाते हैं। इसलिए जुलाई के बाद सीधे नवंबर में ही शहनाई की गूंज सुनाई देगी।
साल 2026 के सभी विवाह मुहूर्तों की पूरी सूची
जनवरी 2026 (कुल 10 मुहूर्त): 16, 17, 18, 19, 20, 21, 28, 29, 30 और 31 तारीख।
फरवरी 2026 (कुल 12 मुहूर्त): 4, 5, 6, 7, 12, 16, 17, 18, 19, 24, 25 और 26 तारीख।
मार्च 2026 (कुल 5 मुहूर्त): 1, 2, 3, 7 और 12 तारीख।
अप्रैल, मई, जून 2026: गुरु और शुक्र अस्त होने के कारण कोई मुहूर्त नहीं है।
जुलाई 2026 (कुल 6 मुहूर्त): 2, 3, 9, 13, 14 और 15 तारीख।
अगस्त, सितंबर, अक्टूबर 2026: चातुर्मास के कारण कोई मुहूर्त नहीं है।
नवंबर 2026 (कुल 7 मुहूर्त): 14, 15, 16, 18, 19, 25 और 26 तारीख।
दिसंबर 2026 (कुल 7 मुहूर्त): 2, 3, 4, 8, 9, 10 और 11 तारीख।
इन शुभ मुहूर्तों को ध्यान में रखकर परिवार अपनी शादियों की योजना बना सकते हैं, ताकि किसी भी तरह की असुविधा से बचा जा सके।