MP में मौसम का यू-टर्न: 2 दिन की राहत के बाद फिर लौटेगी कड़ाके की ठंड!

MP Weather: मध्य प्रदेश के मौसम में इन दिनों ‘लुका-छिपी’ का खेल जारी है। प्रदेशवासियों को अगले दो दिनों तक कड़ाके की ठंड से थोड़ी राहत मिलने वाली है, लेकिन यह शांति उस बड़े तूफान (सर्द हवाओं) से पहले की है जो जल्द ही दस्तक देने वाला है।

मौसम विभाग के अनुसार, वर्तमान में तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की जाएगी, जिससे ठिठुरन कम होगी।

2 दिन की राहत, फिर शुरू होगा बर्फीली हवाओं का तांडव

मौसम वैज्ञानिक एचएस पांडे के मुताबिक, दक्षिण-पश्चिम राजस्थान के ऊपर एक साइक्लोनिक सर्कुलेशन (चक्रवातीय घेरा) सक्रिय है। इसके प्रभाव से आगामी 48 घंटों में दिन का पारा चढ़ेगा और धूप खिली रहेगी। हालांकि, यह राहत अस्थाई है।

जैसे ही पहाड़ों से यह सिस्टम गुजर जाएगा और वहां जमी बर्फ पिघलनी शुरू होगी, उत्तर से आने वाली सर्द हवाएं एक बार फिर एमपी के मैदानों को ठंडा कर देंगी।

महत्वपूर्ण बदलाव की तिथियां:

  • 11 और 12 फरवरी: तापमान में 3 से 4 डिग्री की बढ़ोतरी होगी। दिन में तेज धूप खिलेगी।

  • 13 से 15 फरवरी: तापमान में भारी गिरावट आएगी। ग्वालियर-चंबल संभाग समेत प्रदेश के अधिकांश हिस्सों में कड़ाके की ठंड की वापसी होगी।

कटनी का करौंदी सबसे ठंडा, 13 शहरों में पारा 10 डिग्री से नीचे

बीती रात प्रदेश के कई हिस्सों में कड़ाके की ठंड महसूस की गई। कटनी जिले का करौंदी क्षेत्र प्रदेश में सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 5.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, खजुराहो, पचमढ़ी और अमरकंटक जैसे पर्यटन स्थलों पर भी पारा काफी नीचे रहा।

प्रमुख शहरों का न्यूनतम तापमान:

| शहर | तापमान (सेल्सियस में) |

भोपाल | 10.2° |

| इंदौर | 11.2° |

| ग्वालियर | 10.6° |

| जबलपुर | 11.4° |

| उज्जैन | 12.4° |

फरवरी में बना रहेगा उतार-चढ़ाव

विशेषज्ञों का कहना है कि पूरे फरवरी माह में मौसम इसी तरह करवटें बदलता रहेगा। फिलहाल बारिश के कोई आसार नहीं हैं, लेकिन रात और तड़के (अलसुबह) ठंड का असर बना रहेगा। विशेष रूप से ग्वालियर-चंबल अंचल में उत्तर भारत से आने वाली हवाओं का सीधा असर पड़ेगा, जिससे वहां ठिठुरन अन्य इलाकों की तुलना में ज्यादा रहने की संभावना है।

सावधानी की सलाह: तापमान में अचानक आने वाले इस उतार-चढ़ाव के कारण स्वास्थ्य पर असर पड़ सकता है। दोपहर की धूप और रात की ठंड के इस अंतर के बीच सावधानी बरतें।