इंदौर नगर विकास से जुड़ी बहुप्रतीक्षित परियोजना में बड़ा प्रशासनिक कदम पूरा हो गया है। चंदन नगर से कालानी नगर को जोड़ने वाली 18 मीटर चौड़ी सड़क के निर्माण को राज्य शासन की अंतिम मंजूरी मिल गई है। शासन की ओर से गजट नोटिफिकेशन जारी होने के बाद परियोजना की औपचारिक प्रक्रिया पूरी मानी जा रही है।
नगर निगम और संबंधित विभागों के स्तर पर इस सड़क को लेकर लंबे समय से चर्चा चल रही थी। परियोजना कई वर्षों तक प्रस्ताव, आपत्तियों और तकनीकी प्रक्रिया में अटकी रही। अब स्वीकृति मिलने के बाद इसे जमीन पर उतारने का रास्ता साफ हुआ है।
कहां से कहां तक बनेगा नया कॉरिडोर
यह सड़क एयरपोर्ट रोड के कालानी नगर चौराहे को धार रोड के चंदन नगर चौराहे से जोड़ेगी। प्रशासन का आकलन है कि इस कनेक्टिविटी से पश्चिमी इंदौर के लिए सीधा और अपेक्षाकृत कम भीड़ वाला मार्ग तैयार होगा। इसके साथ ट्रैफिक लोड को अलग-अलग मार्गों में बांटने में मदद मिलेगी।
योजना के तहत नंदन नगर और नगीन नगर के पास करीब 800 मीटर सड़क हिस्से को भी मास्टर प्लान में शामिल किया गया है। इससे घनी आबादी वाले इन हिस्सों में लोकल आवागमन आसान करने का लक्ष्य रखा गया है।
वित्त, टेंडर और कानूनी स्थिति
परियोजना की अनुमानित लागत करीब 20 करोड़ रुपये बताई गई है। फंडिंग मास्टर प्लान में उपलब्ध शेष राशि से की जानी है। टेंडर प्रक्रिया और वर्क ऑर्डर पहले ही जारी किए जा चुके हैं, इसलिए स्वीकृति के बाद निर्माण शुरू करने में प्रशासनिक देरी की आशंका कम मानी जा रही है।
गजट नोटिफिकेशन जारी होने के साथ परियोजना की कानूनी स्थिति स्पष्ट हो गई है। निगम के अनुसार दावे-आपत्तियों की प्रक्रिया पूरी कर फाइल शासन को भेजी गई थी, जिसके बाद अंतिम मंजूरी जारी हुई।
निर्माण से पहले बड़ी चुनौती
नगर निगम के आकलन में सड़क निर्माण क्षेत्र में 200 से अधिक अवरोधक या बाधक चिन्हित हैं। इनमें हटाने योग्य संरचनाएं और अन्य अतिक्रमण शामिल हो सकते हैं। अधिकारियों का कहना है कि इस चरण के लिए अलग तैयारी की गई है ताकि निर्माण कार्य क्रमबद्ध तरीके से आगे बढ़ सके।
शहरी यातायात प्रबंधन के नजरिए से यह कॉरिडोर पश्चिमी रिंग रोड के लिए वैकल्पिक दबाव-राहत मार्ग की तरह काम कर सकता है। विशेष रूप से पीक आवर्स में धार रोड और एयरपोर्ट रोड के बीच आवागमन पर इसका असर देखने की उम्मीद है।
“शासन से मंजूरी मिल चुकी है। सभी दावे आपत्तियाँ निपटाकर फाइल भेजी गई थी और अब गजट नोटिफिकेशन भी जारी हो गया है। यह सड़क पश्चिमी क्षेत्र के लिए अत्यंत उपयोगी होगी और विकास को नई दिशा देगी।” — महापौर पुष्यमित्र भार्गव
नगर निगम अब अगले चरण में फील्ड-स्तर की कार्रवाई, बाधक हटाने और निर्माण प्रारंभ कराने पर काम करेगा। परियोजना की प्रगति पश्चिमी इंदौर के शहरी विस्तार, यातायात संतुलन और आंतरिक कनेक्टिविटी के लिहाज से महत्वपूर्ण मानी जा रही है।