प्रेमानंद महाराज के आश्रम जाने निकला इंदौर का 15साल का छात्र लापता: दूसरे दिन भी नहीं मिला कोई सुराग

Indore News: इंदौर से एक बेहद चौंकाने वाला मामला सामने आया है। शहर की कृष्ण विहार कॉलोनी में रहने वाला 15 वर्षीय किशोर बुधवार से लापता है। सूत्रो के मुताबिक शुरुआती जांच और किशोर द्वारा छोड़े गए लेटर से ये संकेत मिल रहे हैं कि वह वृंदावन के प्रसिद्ध संत प्रेमानंद जी महाराज के प्रवचनों से इस कदर प्रभावित हुआ कि उसने सांसारिक जीवन त्याग कर अध्यात्म की राह पकड़ ली है।
क्रिकेट खेलने निकला, फिर नहीं लौटा
खजराना थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली कृष्ण विहार कॉलोनी का निवासी यह छात्र बुधवार शाम को घर से यह कहकर निकला था कि वह क्रिकेट खेलने जा रहा है। जब वह देर शाम तक घर नहीं लौटा, तो परिजनों की चिंता बढ़ गई। काफी तलाश करने के बाद घर में छात्र के हाथ का लिखा एक पत्र मिला, जिसे पढ़कर परिजनों के पैरों तले जमीन खिसक गई। छात्र के पिता अनिल, जो पेशे से ड्राइवर हैं, उन्होने गुरुवार को थाने पहुंचकर गुमशुदगी की रिपोर्ट दर्ज कराई।
पत्र में लिखा: “मैं अपने असली परिवार के पास जा रहा हूँ”
छात्र ने अपने पत्र में परिवार के प्रति गहरा प्रेम व्यक्त करते हुए अपनी रवानगी का कारण बताया है। उसने लिखा:

“मां, पापा, भैया और दादा… आज मैं अपने असली परिवार के पास जा रहा हूं। आप लोग कृपया रोइए मत और मुझे ढूंढने की कोशिश भी मत कीजिए। अब मैं अपने मां-पिता (ईश्वर) के साथ ही रहूंगा। यह मत समझना कि मैं किसी डांट या खराब रिजल्ट की वजह से जा रहा हूं, मैं बस अपनी असलियत जान गया हूं।”

छात्र ने अपनी ईमानदारी का परिचय देते हुए पत्र के अंत में यह भी लिखा कि उसने अपने एक दोस्त से 500 रुपये उधार लिए हैं, जिसे उसके पिता चुका दें।
बच्चे ने यह लेटर लिख कर घर में छोड़ा।
रोज 2 घंटे पूजा और प्रेमानंद जी के प्रवचनों का प्रभाव
परिजनों के अनुसार, किशोर बचपन से ही धार्मिक प्रवृत्ति का था। वह रोजाना घर में करीब 2 घंटे पूजा-पाठ करता था और शाम को मंदिर में सेवा देता था। पिछले कुछ समय से वह मोबाइल पर संत प्रेमानंद जी महाराज के प्रवचनों को लगातार सुन रहा था। उसके कमरे से कुछ ऐसी तस्वीरें भी मिली हैं जिन पर संत के वचन लिखे हुए हैं। परिजनों का मानना है कि वैराग्य की बातों ने उसके कोमल मन पर गहरा प्रभाव डाला, जिससे उसे लगा कि उसका वास्तविक स्थान इस दुनियावी घर में नहीं बल्कि ईश्वर के सानिध्य में है।
देहरादून की ट्रेन और पुलिस की कार्रवाई
पुलिस की साइबर सेल और तकनीकी टीम ने जब छात्र के मोबाइल हिस्ट्री और गतिविधियों की जांच की, तो एक नया मोड़ सामने आया। छात्र ने घर छोड़ने से पहले मोबाइल पर देहरादून जाने वाली ट्रेनों के बारे में सर्च किया था। हालांकि, वह मथुरा जाने की बात कह रहा था, लेकिन देहरादून का सर्च पुलिस के लिए गुत्थी बना हुआ है।
खजराना पुलिस के अनुसार फिल्हाल सीसीटीवी फुटेज में छात्र को अकेले जाते हुए देखा गया है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश पुलिस, मथुरा जीआरपी और देहरादून पुलिस को छात्र की फोटो और जानकारी साझा कर दी है।
मथुरा के लिए बड़ा भाई रवाना
परिजनों को अंदेशा है कि वह वृंदावन में संत प्रेमानंद जी के आश्रम के आसपास ही कहीं हो सकता है। पिता अनिल ने बताया कि उनका बड़ा बेटा पहले मथुरा में पढ़ाई कर चुका है, इसलिए उसे तलाश के लिए इंदौर से मथुरा रवाना किया जा रहा है।
फिलहाल, खजराना पुलिस और परिजन सोशल मीडिया और तकनीकी सर्विलांस के जरिए बच्चे की लोकेशन ट्रेस करने की कोशिश कर रहे हैं। यह घटना आधुनिक युग में किशोरों के मानसिक और आध्यात्मिक झुकाव के साथ-साथ सोशल मीडिया के प्रभाव पर भी बड़े सवाल खड़े करती है।