बारिश के बाद दिल्ली में शीतलहर का कहर! मनाली में भारी बर्फबारी से NH-3 बाधित

Delhi News : उत्तर भारत में मौसम ने एक बार फिर करवट ली है। पहाड़ों पर हो रही भारी बर्फबारी ने जहां एक तरफ पर्यटकों के चेहरे खिला दिए हैं, वहीं दूसरी तरफ मैदानी इलाकों, विशेषकर दिल्ली में प्रदूषण की स्थिति अब भी चिंताजनक बनी हुई है। हिमाचल प्रदेश से लेकर उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर तक पहाड़ियां बर्फ की सफेद चादर में लिपट गई हैं।

हालाकि, इस सुहाने मौसम के बीच मनाली से परेशान करने वाली खबरें भी आ रही हैं। भारी बर्फबारी के चलते सड़कें बंद होने से हजारों पर्यटक बीच रास्ते में फंस गए हैं। प्रशासन लगातार रास्तों को साफ करने में जुटा है, लेकिन खराब मौसम बाधा बन रहा है।

दिल्ली में ‘खराब’ हवा से राहत नहीं

राजधानी दिल्ली में कल हुई बारिश के बाद उम्मीद जताई जा रही थी कि प्रदूषण के स्तर में गिरावट आएगी। हालाकि, आज के आंकड़े बताते हैं कि स्थिति में बहुत ज्यादा सुधार नहीं हुआ है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (CPCB) द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, दिल्ली के कई इलाकों में एयर क्वालिटी इंडेक्स (AQI) अब भी ‘खराब’ श्रेणी में बना हुआ है।

ताजा आंकड़ों पर नजर डालें तो आनंद विहार में एक्यूआई 274 दर्ज किया गया है। इसके अलावा नेहरू नगर में 256 और जहांगीरपुरी में 261 एक्यूआई रिकॉर्ड किया गया है। यह दर्शाता है कि बारिश के बावजूद दिल्ली की हवा अभी भी सांस लेने के लिहाज से पूरी तरह साफ नहीं है।

मनाली में 30 घंटे से बर्फबारी, पर्यटक फंसे

हिमाचल प्रदेश के मनाली में हालात थोड़े चुनौतीपूर्ण हो गए हैं। यहां बीते 30 घंटों से रुक-रुक कर बर्फबारी जारी है। हालाकि, बीच में मौसम थोड़ा साफ हुआ था, लेकिन हल्की बर्फबारी का दौर अब भी चल रहा है। इसका सीधा असर यातायात पर पड़ा है। कुल्लू-मनाली नेशनल हाईवे-3 (NH-3) भारी बर्फबारी के कारण बाधित हो गया है।

सड़क पर बर्फ जमने से वाहनों के पहिए थम गए हैं। रपट बताती है कि कई किलोमीटर तक वाहनों की लंबी कतारें लगी हुई हैं। बीती रात मनाली आ रहे हजारों पर्यटकों को अपनी गाड़ियों में ही रात गुजारनी पड़ी।

प्रशासन के लिए सड़क को बहाल करना एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। पर्यटकों का कहना है कि वे घूमने आए थे, लेकिन अब सड़क बंद होने और जाम लगने के कारण वे वापस घर भी नहीं जा पा रहे हैं।

केदारनाथ और चकराता में जन्नत जैसा नजारा

उत्तराखंड के ऊंचाई वाले इलाकों में भी कुदरत मेहरबान है। केदारनाथ धाम में भारी बर्फबारी हुई है। मंदिर का पूरा प्रांगण और पैदल रास्ते बर्फ से ढक गए हैं। यहां घुटनों तक बर्फ जमी हुई है, जिससे धाम का नजारा अद्भुत लग रहा है। शिव-पार्वती विवाह स्थल त्रियुगीनारायण की खूबसूरती भी बर्फबारी के बाद और बढ़ गई है।

वहीं, उत्तराखंड के मशहूर पर्यटन स्थल चकराता में सीजन की पहली बर्फबारी हुई है। आसमान से गिरती बर्फ ने पहाड़ों को जन्नत जैसा बना दिया है। जैसे ही बर्फबारी की खबर फैली, पर्यटकों ने चकराता का रुख करना शुरू कर दिया है। यहां बड़ी संख्या में सैलानी मौसम का लुत्फ उठाने पहुंच रहे हैं।

जम्मू-कश्मीर: कहीं मस्ती, कहीं रास्ते बंद

जम्मू-कश्मीर में भी बर्फबारी का मिला-जुला असर देखने को मिल रहा है। अनंतनाग में पर्यटक बर्फबारी का जमकर आनंद ले रहे हैं। वहीं, राजौरी जिले में लगातार हो रही बर्फबारी ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं।

यहां कई प्रमुख सड़कें बंद हो गई हैं, जिससे स्थानीय लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है। गंगोत्री और यमुनोत्री सहित अन्य ऊंचाई वाले इलाकों में भी भारी हिमपात जारी है।