सीएम मोहन यादव के 2 साल पर अमित शाह की मुहर, ‘रीजनल कॉन्क्लेव’ मॉडल को बताया देश के लिए नजीर

मध्य प्रदेश में नेतृत्व परिवर्तन और राजनीतिक भविष्य को लेकर चल रही तमाम अटकलों पर केंद्रीय नेतृत्व ने विराम लगा दिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के दो साल के कार्यकाल को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने सफल करार दिया है। हाल ही में प्रदेश दौरे पर आए अमित शाह ने मुख्यमंत्री की कार्यशैली की सराहना करते हुए स्पष्ट संकेत दिए कि राज्य का नेतृत्व सही हाथों में है।

राजनीतिक गलियारों में अक्सर सोशल मीडिया के जरिए कई तरह की चर्चाएं चलती रहती हैं, लेकिन मैदानी हकीकत इससे अलग नजर आ रही है। केंद्रीय गृह मंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने जहां मध्य प्रदेश को ‘बीमारू’ राज्य की श्रेणी से बाहर निकाला, वहीं अब डॉ. मोहन यादव उसी नींव पर दोगुनी ऊर्जा के साथ काम कर रहे हैं। केंद्रीय नेतृत्व का मानना है कि मौजूदा सरकार के प्रयासों से मध्य प्रदेश जल्द ही देश के सबसे विकसित और संपन्न राज्यों में शुमार होगा।

रीजनल कॉन्क्लेव मॉडल की राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव द्वारा शुरू किए गए ‘रीजनल इंडस्ट्री कॉन्क्लेव’ के प्रयोग को केंद्रीय गृह मंत्री ने अत्यंत प्रभावी बताया है। अमित शाह ने कहा कि निवेश आकर्षित करने का यह मॉडल इतना सफल है कि इसे अब देश के अन्य राज्यों तक भी पहुंचाया जाएगा। इसके अलावा, इंदौर के पास धार में विकसित हो रहे ‘मल्टी मॉडल लॉजिस्टिक पार्क’ का विशेष उल्लेख किया गया। यह पार्क भविष्य में देश का सबसे बड़ा लॉजिस्टिक हब बनेगा, जहां नामी कंपनियों के गोदाम और दफ्तर होंगे।

उज्जैन और सिंहस्थ 2028 की तैयारियां

औद्योगिक विकास के साथ-साथ धार्मिक पर्यटन पर भी सरकार का विशेष जोर है। मुख्यमंत्री के गृह नगर उज्जैन में औद्योगिक निवेश में तेजी देखी जा रही है। देश-विदेश की कई बड़ी कंपनियां वहां अपनी इकाइयां स्थापित कर रही हैं। इसके साथ ही 2028 में होने वाले सिंहस्थ कुंभ के लिए भी बड़े पैमाने पर तैयारियां शुरू हो गई हैं। मुख्यमंत्री स्वयं इसकी मॉनिटरिंग कर रहे हैं और योग्य अधिकारियों को जिम्मेदारी सौंपी गई है, ताकि इस बार का आयोजन ऐतिहासिक हो सके।

कानून व्यवस्था और नक्सलवाद पर प्रहार

कानून व्यवस्था के मोर्चे पर भी सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। पिछले दिनों नक्सलवाद के खिलाफ की गई कार्रवाई को बड़ी सफलता माना जा रहा है। सरकार का दावा है कि प्रदेश में नक्सलवाद अब अपने अंतिम चरण में है। भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने भी अपने दौरे के दौरान ‘महाकाल लोक’ की व्यवस्थाओं और प्रदेश में मेडिकल कॉलेजों की बढ़ती संख्या पर संतोष जाहिर किया था।

कृषि क्षेत्र में भी मध्य प्रदेश ने अपनी बढ़त बनाए रखी है। सिंचाई के रकबे में वृद्धि और लगातार 7 बार ‘कृषि कर्मण अवॉर्ड’ जीतना राज्य की बड़ी उपलब्धि रही है। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि केंद्रीय नेतृत्व द्वारा 18 साल के पिछले कार्यकाल और वर्तमान 2 साल के कार्यकाल के बीच एक सकारात्मक निरंतरता देखी गई है, जिससे विरोधियों के स्वर धीमे पड़ गए हैं।