बड़वानी में जाली नोटों का बड़ा खुलासा, नकली करेंसी छापने वाला गिरोह गिरफ्तार, 98 फर्जी नोट और प्रिंटर बरामद

बरवानी जिले में पुलिस ने नकली मुद्रा तैयार करने वाले गिरोह को पकड़ने में सफलता प्राप्त की है। पुलिस ने छापेमारी में 98 जाली नोट, एक प्रिंटर और अन्य उपकरण जब्त किए हैं। मौके से दो युवकों को गिरफ्तार किया गया, जो घर पर ही नकली नोट छापने का काम कर रहे थे।

जिले के पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर गठित विशेष टीम ने यह कार्रवाई की। बरामद नोट 100 और 500 रुपये के मूल्य वर्ग के बताए गए हैं। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि आरोपी यह नोट बाजार में चलाने की कोशिश में थे।

कार्रवाई का विवरण

पुलिस को सूचना मिली थी कि शहर के एक मोहल्ले में कुछ युवक नकली मुद्रा तैयार कर रहे हैं। जांच टीम ने मौके पर पहुंचकर जब तलाशी ली, तो एक प्रिंटर, स्कैनर, और अर्ध-तैयार नोट बरामद हुए। फोरेंसिक टीम ने बरामद सभी वस्तुओं को जांच के लिए भेज दिया है।

गिरफ्तार युवकों ने पूछताछ में बताया कि उन्होंने इंटरनेट से नोटों की डिजाइन डाउनलोड की थी और साधारण कागज पर रंगीन प्रिंटर से छापकर उन्हें बाजार में खपाने की योजना बनाई थी। पुलिस अब यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गिरोह में और कितने लोग शामिल हैं।

पुलिस की अगली कार्रवाई

जिला पुलिस ने कहा है कि बरामद सामग्रियों की जांच के बाद विस्तृत रिपोर्ट तैयार की जाएगी। साथ ही, आरोपियों के मोबाइल और ऑनलाइन गतिविधियों की भी जांच की जा रही है ताकि नकली नोटों के प्रसार की श्रृंखला का पता लगाया जा सके।

अधिकारियों का कहना है कि प्रदेश के अन्य जिलों में भी ऐसे गिरोह सक्रिय हो सकते हैं, जिनकी तलाश जारी है। पुलिस ने आम नागरिकों से अपील की है कि किसी संदिग्ध नोट की जानकारी तुरंत थाने में दें।

पूर्व में भी बरवानी क्षेत्र में इसी तरह के नकली मुद्रा प्रकरण सामने आ चुके हैं, जिनमें स्थानीय स्तर पर छापाखाने जैसी व्यवस्था कर नोट बनाए गए थे। यह मामला भी उसी पैटर्न से जुड़ा हुआ माना जा रहा है।

अधिकारियों का कहना है कि नकली नोट तैयार करना न केवल कानूनी अपराध है बल्कि इससे वित्तीय प्रणाली को भी नुकसान पहुंचता है। पुलिस ने बताया कि आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर अदालत में पेश किया जाएगा।