Budget 2025: हेल्थ सेक्टर को मिलेगी नई ताकत, बीमा कंपनियों को बड़े ऐलानों की उम्मीद

Budget 2025 : आगामी केंद्रीय बजट 2025 से हेल्थ सेक्टर को भारी उम्मीदें हैं। इस सेक्टर से जुड़ी बीमा कंपनियों को लगता है कि सरकार इस बार ऐसी घोषणाएं कर सकती है जो न केवल स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाएंगी, बल्कि बीमा योजनाओं को भी मजबूत करेंगी। आइए जानते हैं, हेल्थ सेक्टर से जुड़ी संभावनाओं और बीमा कंपनियों की अपेक्षाओं के बारे में।

1. हेल्थ सेक्टर के विकास पर ध्यान

हेल्थ सेक्टर में पिछले कुछ वर्षों में लगातार वृद्धि देखी गई है। एसबीआई जनरल इंश्योरेंस के सीईओ नवीन चंद्र झा ने कहा कि सरकार हेल्थ सेक्टर को मजबूती देने के लिए इस बार कुछ ठोस कदम उठा सकती है।

  • ‘सभी के लिए बीमा’ लक्ष्य पर फोकस: 2047 तक इस लक्ष्य को पूरा करने के लिए सरकार “बीमा सुगम” जैसी योजनाओं को सपोर्ट कर सकती है।
  • सुदूर इलाकों तक डिजिटल पहुंच: ग्रामीण और दूरदराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को पहुंचाने के लिए नई योजनाओं की घोषणा हो सकती है।

2. बीमा कवर में कमी को दूर करने की जरूरत

भारतीय बीमा नियामक और विकास प्राधिकरण (IRDAI) की रिपोर्ट के अनुसार, 2023-24 में बीमा कवर में गिरावट दर्ज की गई।

  • 2022-23 में बीमा लेने वालों का आंकड़ा 4% था, जो 2023-24 में घटकर 3.7% रह गया।
  • बीमा की पहुंच बढ़ाने के लिए सरकार टर्म इंश्योरेंस पर अलग कर कटौती और जीवन बीमा प्रीमियम पर नई कर रियायतें दे सकती है।

3. स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम पर कर रियायत की उम्मीद

मणिपाल सिग्ना हेल्थ इंश्योरेंस के CFO ने कहा कि बढ़ती स्वास्थ्य सेवा लागत को देखते हुए स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम पर टैक्स छूट को बढ़ाने की जरूरत है।

  • आम नागरिकों के लिए:
    इनकम टैक्स की धारा 80D के तहत स्वास्थ्य बीमा प्रीमियम की सीमा को 25,000 रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये किया जाना चाहिए।
  • सीनियर सिटिजंस के लिए:
    यह सीमा 50,000 रुपये से बढ़ाकर 1 लाख रुपये तक करने का सुझाव है।

उन्होंने कहा कि ऐसा करने से अधिक लोगों को स्वास्थ्य बीमा लेने के लिए प्रोत्साहन मिलेगा और देशभर में ‘सभी के लिए बीमा’ के लक्ष्य को हासिल करना आसान होगा।

4. हेल्थ इंश्योरेंस पर बजट से संभावित बड़े फैसले

विशेषज्ञों का मानना है कि सरकार टर्म इंश्योरेंस और जीवन बीमा प्रीमियम पर कर कटौती के साथ-साथ नई योजनाओं को लागू कर सकती है।

  • ग्रामीण इलाकों में हेल्थ इंश्योरेंस की पहुंच बढ़ाने के लिए डिजिटल नेटवर्क को मजबूत करना प्राथमिकता होगी।
  • इसके साथ ही बीमा योजनाओं के लिए अतिरिक्त फंडिंग की घोषणा संभव है।

5. बजट 2025: हेल्थ सेक्टर के लिए एक नई दिशा

सरकार अगर बीमा प्रीमियम पर टैक्स छूट और हेल्थ सेक्टर के लिए फंडिंग बढ़ाती है, तो इसका सीधा फायदा आम जनता को मिलेगा। यह न केवल स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को बेहतर बनाएगा, बल्कि बीमा कवर में भी बढ़ोतरी करेगा। हेल्थ सेक्टर से जुड़े विशेषज्ञों को उम्मीद है कि यह बजट देश को ‘सभी के लिए बीमा’ के लक्ष्य के करीब ले जाएगा।