Ujjain News: उज्जैन में महाकाल मंदिर के समीप स्थित बेगमबाग क्षेत्र में प्रशासन ने अवैध निर्माण के विरुद्ध एक बार फिर बड़ा अभियान छेड़ा है। कानूनी अड़चनों के दूर होते ही करीब आधा दर्जन पोकलेन और बुलडोजर की मदद से 16 अवैध इमारतों को ढहाने की कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
अदालती स्टे हटते ही एक्शन
यह कार्रवाई तब शुरू हुई जब लोअर कोर्ट, हाई कोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से इस क्षेत्र पर लगा ‘स्टे’ समाप्त हो गया। प्रशासन ने बिना समय गंवाए महाकाल मंदिर के मुख्य प्रवेश द्वार ‘नीलकंठ द्वार’ के पास से अतिक्रमण हटाना शुरू किया।
नियमों के विरूद्ध हुआ था निर्माण
मामला उज्जैन विकास प्राधिकरण (UDA) की जमीन से जुड़ा है। जानकारी के अनुसार:
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प्राधिकरण ने यहाँ 45 आवासीय भूखंड आवंटित किए थे।
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नियमों को ताक पर रखकर इन्हें 90 हिस्सों में बांट दिया गया।
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आवासीय भूमि का उपयोग पूरी तरह व्यावसायिक निर्माण के लिए किया जा रहा था।
भारी सुरक्षा बल तैनात
किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर UDA के सीईओ, 50 पुलिस अधिकारी व जवान, और 50 नगर निगम कर्मियों सहित भारी प्रशासनिक अमला तैनात है।
बता दें कि इससे पहले भी इस क्षेत्र में 42 अवैध इमारतों को तोड़ा जा चुका है। प्रशासन का स्पष्ट संदेश है कि सरकारी भूमि पर अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
प्रशासनिक आंकड़ों के मुताबिक:
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इस क्षेत्र में कुल 58 अवैध अतिक्रमण चिह्नित किए गए थे।
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पूर्व में 42 अवैध इमारतों को पहले ही हटाया जा चुका था।
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शेष 16 स्ट्रक्चरों को तोड़ने की कार्रवाई अब की जा रही है।