Ladli Behna Yojana: मध्यप्रदेश की महिलाओं को 33वीं किस्त जारी, CM मोहन यादव ने खंडवा से 1836 करोड़ ट्रांसफर किए, देखें सूची में अपना नाम

मध्य प्रदेश सरकार ने लाड़ली बहना योजना के तहत 33वीं किस्त जारी करने का ऐलान पंधाना, खंडवा से किया। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कार्यक्रम में शामिल होकर पात्र महिलाओं के बैंक खातों में किस्त ट्रांसफर की प्रक्रिया शुरू कराई। यह भुगतान डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर यानी डीबीटी मोड में किया गया, ताकि राशि सीधे लाभार्थियों तक पहुंचे।

राज्य सरकार के अनुसार योजना की किस्तें नियमित अंतराल पर भेजी जा रही हैं और इस चरण में भी पात्रता सूची के आधार पर भुगतान किया गया है। प्रशासनिक स्तर पर बैंकिंग, पोर्टल और लाभार्थी डेटा का मिलान कर ट्रांसफर की प्रक्रिया पूरी की गई। सरकार ने इसे महिलाओं की मासिक वित्तीय सहायता से जुड़ा सतत कार्यक्रम बताया।

पंधाना कार्यक्रम से किस्त जारी, खातों में सीधा भुगतान

खंडवा जिले के पंधाना में आयोजित कार्यक्रम में योजना को लेकर आधिकारिक संदेश दिया गया कि भुगतान में पारदर्शिता और समयबद्धता प्राथमिकता रहेगी। इसी क्रम में 33वीं किस्त का वितरण शुरू किया गया। योजना की राशि सीधे बैंक खाते में भेजे जाने से बीच की प्रक्रियाएं कम होती हैं और लाभार्थियों को भुगतान की स्थिति तुरंत पता चल जाती है।

कई जिलों में लाभार्थियों को एसएमएस और बैंक अलर्ट के जरिए भुगतान की सूचना मिलती है। जिन खातों में तकनीकी वजह से राशि नहीं पहुंचती, उन्हें स्थानीय स्तर पर सत्यापन और बैंक अपडेट के बाद अगली प्रक्रिया में शामिल किया जाता है।

योजना का फोकस: नियमित मासिक सहायता

लाड़ली बहना योजना में पात्र महिलाओं को मासिक आर्थिक सहायता दी जाती है। मौजूदा व्यवस्था के अनुसार प्रति पात्र महिला 1250 रुपये की राशि दी जा रही है। यह मदद परिवार के रोजमर्रा के खर्च, घरेलू जरूरतों और छोटे आर्थिक निर्णयों में उपयोगी मानी जाती है।

राज्य सरकार समय-समय पर लाभार्थी सूची, पात्रता और भुगतान व्यवस्था की समीक्षा करती है। योजना से जुड़े भुगतान में आधार लिंकिंग, बैंक खाते की सक्रिय स्थिति और डीबीटी सक्षम होना जरूरी माना गया है। जिन मामलों में केवाईसी, बैंक मैपिंग या आधार सीडिंग लंबित रहती है, वहां भुगतान में देरी की स्थिति बन सकती है।

लाभार्थियों के लिए जरूरी अपडेट

योजना से जुड़ी महिलाओं को सलाह दी जाती है कि वे अपना बैंक खाता सक्रिय रखें और मोबाइल नंबर अपडेट रखें। बैंक पासबुक एंट्री, एसएमएस अलर्ट और ऑनलाइन बैंकिंग से किस्त की स्थिति की पुष्टि की जा सकती है। यदि किसी लाभार्थी को किस्त प्राप्त नहीं होती, तो वह ग्राम पंचायत, वार्ड स्तर के कैंप या संबंधित विभागीय कार्यालय में आवेदन देकर स्थिति स्पष्ट कर सकती है।

प्रशासनिक अधिकारियों के अनुसार भुगतान प्रक्रिया में तकनीकी त्रुटि, गलत खाता संख्या, निष्क्रिय खाता या दस्तावेजों के अंतर जैसी वजहें सामने आती हैं। ऐसे मामलों में सुधार के बाद भुगतान अगली किस्तों के साथ समायोजित किया जा सकता है।

पृष्ठभूमि: 2023 में शुरू हुई थी योजना

लाड़ली बहना योजना की शुरुआत 2023 में पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के कार्यकाल में की गई थी। उस समय इसे महिलाओं को मासिक प्रत्यक्ष वित्तीय सहायता देने वाली प्रमुख राज्य योजना के रूप में लागू किया गया था। बाद के चरणों में नई सरकार ने भी योजना की निरंतरता बनाए रखी और किस्तों का क्रम जारी रखा।

पंधाना से 33वीं किस्त जारी होने के साथ सरकार ने यह संदेश दोहराया कि योजना का संचालन नियमित रहेगा और पात्र महिलाओं तक भुगतान बिना देरी पहुंचाने का प्रयास जारी रहेगा। आने वाले महीनों में भी किस्त वितरण इसी डीबीटी मॉडल से किए जाने की रूपरेखा रखी गई है।