इंदौर शहर की अग्निशमन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाते हुए किया जाएगा विस्तारित, शहर में सात नई जगह बनेंगे नए फायर स्टेशन

अग्नि दुर्घटनाओं पर त्वरित और प्रभावी नियंत्रण के लिये इंदौर शहर की अग्निशमन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाते हुए विस्तारित किया जायेगा। इसके तहत शहर में सात नयी जगह नए फायर स्टेशन बनाये जायेंगे। शहर में अग्निशमन के लिये अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त नए वाहन भी खरीदें जायेंगे। शहर में शिप्रा और कान्ह नदी के शुद्धीकरण हेतु सात एसटीपी प्लांट बनाये जायेंगे।
यह जानकारी आज यहां कलेक्टर श्री आशीष सिंह की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई बैठक में दी गई। बैठक में नगर निगम आयुक्त श्री शिवम वर्मा, अपर कलेक्टर श्री गौरव बेनल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री ‍सिद्धार्थ जैन, अपर कलेक्टर श्री श्रीमती सपना लोवंशी, श्री राजेन्द्र रघुवंशी, श्री रोशन राय, श्रीमती निशा डामोर सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।

बैठक में कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने इंदौर शहर की अग्निशमन व्यवस्था को बेहतर बनाने के संबंध में चर्चा की। इस अवसर पर बताया गया कि जहां एक और बड़े और भीड़ वाले भवनों में अग्निशमन के प्रबंध सुनिश्चित कराये जा रहे है वहीं दूसरी ओर अग्निशमन व्यवस्थाओं को सुदृढ़ बनाने की कार्ययोजना भी तैयार की गई है। इसके तहत शहर में निपानिया, कनाड़िया, पालदा, खंडवा रोड, हवा बंगला से राजेन्द्र नगर केट के बीच में, गांधी नगर क्षेत्र तथा बापट चौराहे से देवास नाके के बीच के क्षेत्र में नए फायर स्टेशन बनाये जायेंगे। साथ ही अत्याधुनिक सुविधाओं से युक्त नए वाहन भी खरीदे जायेंगे। कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने इसके लिये अधिकारियों को भूमि चिन्हित कर शीघ्र कार्य प्रारंभ करने के ‍निर्देश दिये है।

बैठक में कलेक्टर श्री आशीष सिंह ने बताया कि शहर में शिप्रा और कान्ह नदी के शुद्धीकरण हेतु सात एसटीपी प्लांट बनाये जायेंगे। इसके लिये भी भूमि आवंटन की कार्रवाई जारी है। श्री सिंह ने बैठक में सीएम हेल्पलाइन में दर्ज प्रकरणों के निराकरण की भी समीक्षा की। उन्होंने निर्देश दिये कि सभी विभाग समय-सीमा में प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करें। प्रकरणों के निराकरण में लापरवाही पाये जाने पर कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने भिक्षावृत्ति के विरूद्ध चल रहे अभिरयान को भी गति देने के निर्देश ‍दिये। उन्होंने कहा कि पिछले दिनों जारी किये गये प्रतिबंधात्मक आदेश का पालन सुनिश्चित कराया जाये। आदेश का उल्लंघन पाये जाने पर कार्रवाई करें। उन्होंने जल-जीवन मिशन के लक्ष्यों को भी शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिये।