Indore News : मध्य प्रदेश की आर्थिक राजधानी इंदौर और मुंबई के बीच सफर करने वाले यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है। यात्रियों की सुविधा और लगातार बढ़ती मांग को देखते हुए रेलवे ने इंदौर-मुंबई सेंट्रल तेजस सुपरफास्ट स्पेशल ट्रेन की संचालन अवधि को एक बार फिर बढ़ा दिया है। अब यह प्रीमियम ट्रेन 30 जनवरी तक पटरियों पर दौड़ती नजर आएगी।
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक, ट्रेन के शेड्यूल, रूट या कोच की संरचना में कोई बदलाव नहीं किया गया है। यह अपने पुराने निर्धारित समय और ठहराव के अनुसार ही संचालित होगी। इस विस्तार के लिए बुकिंग प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है, जिससे यात्रियों को अपनी यात्रा प्लान करने में आसानी होगी।
शेड्यूल में क्या है खास?
पश्चिम रेलवे रतलाम मंडल के जनसंपर्क अधिकारी मुकेश कुमार ने इस विस्तार की पुष्टि की है। उन्होंने जानकारी दी कि मुंबई सेंट्रल से इंदौर के लिए चलने वाली तेजस स्पेशल ट्रेन अब 30 जनवरी तक सेवा में रहेगी। यह ट्रेन मुंबई से हर सोमवार, बुधवार और शुक्रवार को रवाना होगी।
वहीं, वापसी में इंदौर से मुंबई सेंट्रल जाने वाली ट्रेन का संचालन 31 जनवरी तक प्रभावी रहेगा। इंदौर से यह ट्रेन हर मंगलवार, गुरुवार और शनिवार को रवाना होगी। यात्रियों को ध्यान रखना होगा कि ट्रेन के संचालन के दिन और समय पूर्ववत ही रहेंगे।
किराए का गणित: दुरंतो और अवंतिका से महंगी
तेजस एक्सप्रेस अपनी प्रीमियम सुविधाओं के लिए जानी जाती है, यही वजह है कि इसका किराया इसी रूट पर चलने वाली अन्य ट्रेनों की तुलना में काफी अधिक है। इंदौर-मुंबई रूट पर दुरंतो एक्सप्रेस और अवंतिका एक्सप्रेस भी प्रमुख ट्रेनें हैं, लेकिन उनकी टिकट दरें तेजस से कम हैं।
एक नजर किराए के अंतर पर:
इंदौर-दुरंतो एक्सप्रेस में सेकेंड सीटिंग का किराया लगभग 460 रुपये है, जबकि एसी इकोनॉमी के लिए यात्रियों को करीब 2070 रुपये चुकाने होते हैं। वहीं, थर्ड एसी का किराया 2205 रुपये, सेकेंड एसी का 2975 रुपये और फर्स्ट एसी का किराया 3670 रुपये है।
दूसरी ओर, अवंतिका एक्सप्रेस और भी किफायती विकल्प देती है। इसमें स्लीपर क्लास का किराया 465 रुपये, एसी इकोनॉमी का 1130 रुपये, थर्ड एसी का 1220 रुपये, सेकेंड एसी का 1715 रुपये और फर्स्ट एसी का किराया 2870 रुपये है।
तेजस ट्रेन का किराया निर्धारण पूरी तरह से आईआरसीटीसी (IRCTC) के अधिकार क्षेत्र में आता है। यह एक डायनामिक प्राइसिंग मॉडल या मांग के आधार पर किराए में बदलाव करने के लिए स्वतंत्र है, जिस कारण अक्सर इसका टिकट अन्य ट्रेनों के मुकाबले महंगा पड़ता है।
बार-बार हो रहा विस्तार
गौरतलब है कि यह पहली बार नहीं है जब तेजस एक्सप्रेस की समय सीमा बढ़ाई गई है। इससे पहले भी यात्रियों की भीड़ और त्योहारों के सीजन को देखते हुए रेलवे ने इसके फेरों में विस्तार किया था। इस ट्रेन को मध्य प्रदेश की पहली कॉर्पोरेट ट्रेन का दर्जा भी प्राप्त है, जो अपनी समयबद्धता और ऑन-बोर्ड सुविधाओं के लिए यात्रियों के बीच लोकप्रिय है।