इंदौर में बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों के विरोध में देश का अब तक का सबसे बड़ा जन आक्रोश प्रदर्शन देखने को मिला। पूर्व विधायक आकाश विजयवर्गीय के नेतृत्व में आयोजित इस रैली में 15 हजार से अधिक नागरिक शामिल हुए। युवाओं, महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की बड़ी भागीदारी ने इसे व्यापक जन आंदोलन का स्वरूप दिया। काले वस्त्र पहनकर नागरिकों ने अपना विरोध दर्ज कराया और “हम सब एक हैं” के नारे के साथ यात्रा की शुरुआत हुई।
बड़ा गणपति से राजबाड़ा तक उमड़ा जनसैलाब
जन आक्रोश रैली बड़ा गणपति से प्रारंभ होकर राजबाड़ा तक पहुंची। हाथों में भगवा ध्वज, तिरंगा, बैनर और तख्तियां लिए हजारों लोग सड़कों पर उतरे। “All Eyes on Bangladesh” का संदेश देती गाड़ी, ढोल-ताशे, विंटेज कारें और देशभक्ति गीतों ने पूरे मार्ग को राष्ट्रभाव से भर दिया। रैली में संतजन विंटेज कार में सवार नजर आए, वहीं कई स्थानों पर देशभक्ति की झांकियां भी आकर्षण का केंद्र रहीं।

बांग्लादेश सरकार पर तीखा हमला, नोबेल पुरस्कार वापसी की मांग
राजबाड़ा पर आयोजित सभा को संबोधित करते हुए आकाश विजयवर्गीय ने बांग्लादेश की युनूस सरकार पर कड़े शब्दों में निशाना साधा। उन्होंने कहा कि बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचारों ने बर्बरता की सारी सीमाएं पार कर दी हैं। युनूस को मिले शांति के नोबेल पुरस्कार को वापस लेने की मांग करते हुए उन्होंने नोबेल कमेटी और अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की कि हिंसक और कट्टरपंथी सोच रखने वालों को सम्मानित नहीं किया जाना चाहिए।
घुसपैठ के खिलाफ सख्त रुख, घर-घर जाकर जांच का संकल्प
आकाश विजयवर्गीय ने कहा कि प्रशासन अपनी जिम्मेदारी निभाएगा, लेकिन नागरिक भी पीछे नहीं हटेंगे। जरूरत पड़ी तो घर-घर जाकर पहचान पत्रों की जांच की जाएगी और इंदौर से एक-एक बांग्लादेशी घुसपैठिये को बाहर किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि फिलिस्तीन के मुद्दे पर प्रदर्शन करने वाले दल और नेता बांग्लादेश में हिंदुओं पर हो रहे अत्याचार पर चुप हैं, जो दोहरे मापदंड को दर्शाता है।

संतों की अपील—हिंदू समाज एकजुट हो
सभा को संबोधित करते हुए पवनदास महाराज ने कहा कि बांग्लादेश में हो रहे अत्याचार निंदनीय हैं और यह हिंदू समाज के धैर्य की परीक्षा है। राधे-राधे महाराज ने कहा कि अब समय आ गया है कि हिंदू समाज संगठित होकर घुसपैठ और अत्याचार के खिलाफ खड़ा हो। उन्होंने जनसंख्या संतुलन और अवैध घुसपैठ की समस्या पर भी चिंता जताई और एकजुट प्रयास की अपील की।
पुतला दहन के साथ रैली का समापन
रैली के समापन पर राजबाड़ा में बांग्लादेशी प्रमुख मो. युनूस, ममता बनर्जी और राहुल गांधी के पुतलों का दहन किया गया। कार्यक्रम में चैतन्य स्वरूप महाराज, यजेंद्रदास महाराज, देवेंद्र तिवारी सहित कई संत, भाजपा के वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। पूरे आयोजन में देशभक्ति, आक्रोश और एकजुटता का भाव स्पष्ट रूप से नजर आया।