गजराजों के विश्राम और सेवा का पर्व, ‘हाथी पुनर्यौवनीकरण’ कैंप-2026 का हुआ शुभारंभ

भोपाल 

विश्वविख्यात बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में हाथियों की देखभाल, स्वास्थ्य और पुनर्यौवनीकरण को समर्पित ‘हाथी पुनर्यौवनीकरण’ कैंप-2026 का शुभारंभ गुरुवार को परासी गेट के समीप धमोखर बफर क्षेत्र में हुआ। कार्यक्रम में उमरिया कलेक्टर मती राखी सहाय, वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि तथा स्थानीय ग्रामीण शामिल हुए।

बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के उप संचालक  योहान कटारा ने बताया कि हाथी पुनर्यौवनीकरण कैंप का उद्देश्य ‘कैंप हाथियों’ को नियमित कार्य से विश्राम देना, उनके स्वास्थ्य की बेहतर देखभाल करना तथा उन्हें पौष्टिक और पसंदीदा आहार उपलब्ध कराना है। इससे हाथियों को मानसिक और शारीरिक रूप से स्वस्थ रखने में मदद मिलती है।

नन्हे ‘कृष्णा’ ने खींचा सबका ध्यान

कैंप के दौरान नन्हा नर हाथी ‘कृष्णा’ आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहा। अपनी चंचलता, उछलकूद और मासूम अंदाज से कृष्णा ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। कृष्णा का जन्म अक्टूबर 2025 में बांधवगढ़ में ही हुआ था। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 31 दिसंबर 2025 को बांधवगढ़ प्रवास के दौरान उसका नामकरण किया था।

15 में से 9 कैंप हाथी कैंप में शामिल

वर्तमान में बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व में कुल 15 ‘कैंप हाथी’ कार्यरत हैं। इनमें से 4 हाथी रेस्क्यू ऑपरेशन और 2 हाथी अनुश्रवण कार्य में लगे हैं। शेष 9 हाथियों को हाथी पुनर्यौवनीकरण कैंप-2026 में शामिल किया गया है। कैंप में इन हाथियों को नियमित कार्य से विश्राम देने के साथ उनके स्वास्थ्य परीक्षण, पौष्टिक एवं पसंदीदा भोजन तथा विशेष देखभाल की जा रही है। इसका उद्देश्य हाथियों को शारीरिक और मानसिक रूप से तरोताजा रखना है।

बफर क्षेत्र में पर्यटन और जन-जागरूकता को मिलेगा बढ़ावा

इस वर्ष ‘हाथी पुनर्यौवनीकरण’ कैंप के लिए परासी गेट का चयन किया गया है। इसका उद्देश्य कैंप हाथियों को बेहतर वातावरण उपलब्ध कराने के साथ बफर क्षेत्र में पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देना और स्थानीय ग्रामीणों को वन्य जीवों के प्रति जागरूक करना है। परासी और आसपास के ग्रामीणों को कैंप में शामिल होकर हाथियों को करीब से देखने तथा उनके व्यवहार, देखभाल और संरक्षण के बारे में जानकारी प्राप्त करने का अवसर मिल रहा है।

रेस्क्यू अभियान के कारण कुछ कैंप हाथी नहीं हो सके शामिल

मैहर वन मंडल के गोरसरी फॉरेस्ट क्षेत्र में हाथी रेस्क्यू ऑपरेशन भी जारी है। बांधवगढ़ टाइगर रिजर्व के क्षेत्र संचालक डॉ. अनुपम सहाय के नेतृत्व में बांधवगढ़ के कैंप हाथियों, वन्यजीव स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. तोमर और रेस्क्यू दल द्वारा रेस्क्यू अभियान संचालित किया जा रहा है। इसके चलते कुछ कैंप हाथी इस आयोजन में शामिल नहीं हो सके।