चार मार्च को होली से पहले लखनऊ लौटने वाले यात्रियों के लिए हवाई और रेल यात्रा दोनों मुश्किल होती दिख रही हैं। दिल्ली, मुंबई, बंगलुरु और हैदराबाद से आने वाली उड़ानों के किराये 2 और 3 मार्च के लिए तेज़ी से बढ़े हैं। वहीं नियमित ट्रेनों में लंबी वेटिंग और कई कोचों में रिग्रेट दर्ज होने से सीटों की उपलब्धता और घट गई है।
यात्रा मांग बढ़ने के साथ स्थिति यह है कि परिवारों को या तो महंगे हवाई टिकट लेने पड़ रहे हैं, या फिर ट्रेन में वेटिंग पर यात्रा योजना बनानी पड़ रही है। लखनऊ की ओर आने वाले प्रमुख रूट पर टिकट बुकिंग का दबाव एक साथ दिख रहा है।
मुंबई-लखनऊ सेक्टर: कई उड़ानों का किराया सामान्य से काफी ऊपर
मुंबई से लखनऊ आने वाली उड़ानों में 2 मार्च को इंडिगो का किराया 10,416 रुपये, एयर इंडिया का 13,058 रुपये और अकासा एयर का 11,791 रुपये दर्ज किया गया। 3 मार्च को यही किराये क्रमशः 11,416 रुपये, 16,193 रुपये और 12,890 रुपये तक पहुंच गए। सामान्य दिनों में इसी सेक्टर का किराया करीब 5,000 रुपये के आसपास रहता है।
दिल्ली से लखनऊ उड़ानों में भी बढ़ोतरी बनी हुई है। 2 मार्च को इंडिगो और एयर इंडिया का किराया क्रमशः 8,053 और 8,263 रुपये रहा। 3 मार्च को ये किराये 7,948 और 11,893 रुपये दर्ज किए गए। सामान्य दिनों में दिल्ली-लखनऊ हवाई किराया करीब 4,000 रुपये के आसपास रहता है।
बंगलुरु और हैदराबाद रूट पर भी ऊंचे दाम
बंगलुरु से लखनऊ आने वाली उड़ानों में 2 मार्च को इंडिगो का किराया 11,543 रुपये और एयर इंडिया एक्सप्रेस का 10,648 रुपये रहा। 3 मार्च को ये किराये 10,650 रुपये और 8,248 रुपये दर्ज किए गए। आम दिनों में इस रूट पर किराया करीब 5,500 रुपये के आसपास रहता है।
हैदराबाद से लखनऊ आने वाली उड़ानों के लिए भी किराया ऊंचा है। उपलब्ध दरों के अनुसार 2 मार्च को टिकट 11,096 रुपये और 3 मार्च को 12,251 रुपये तक पहुंचा।
दिल्ली से लखनऊ ट्रेनों में लंबी वेटिंग
दिल्ली-लखनऊ रूट की प्रमुख ट्रेनों में भीड़ स्पष्ट है। तेजस एक्सप्रेस की चेयरकार में 2 और 3 मार्च के लिए वेटिंग क्रमशः 30 और 18 है। शताब्दी एक्सप्रेस की चेयरकार में वेटिंग 54 और 25 दर्ज है। एसी एक्सप्रेस की थर्ड एसी में वेटिंग 81 और 43 है। लखनऊ मेल की स्लीपर श्रेणी में 2 मार्च को रिग्रेट और 3 मार्च को 118 वेटिंग है, जबकि थर्ड एसी में वेटिंग 63 और 43 तक पहुंची है।
मुंबई रूट की ट्रेनों में रिग्रेट से दबाव और बढ़ा
रेलवे अधिकारियों के मुताबिक मुंबई से लखनऊ आने वाली ट्रेनों में रिग्रेट की स्थिति यात्रियों की परेशानी बढ़ा रही है। पुष्पक एक्सप्रेस की स्लीपर में 83 और 72 वेटिंग है, जबकि थर्ड एसी में 77 और 39 वेटिंग दर्ज है। कुशीनगर एक्सप्रेस की स्लीपर में रिग्रेट है और थर्ड एसी में 30 तथा 19 वेटिंग है। पनवेल-गोरखपुर समेत अन्य ट्रेनों में भी कई श्रेणियों में रिग्रेट की स्थिति बताई गई है।
तत्काल की 4200 सीटों पर टिकी उम्मीद
लखनऊ आने के लिए अलग-अलग रूट की नियमित ट्रेनों में कुल 70 हजार से अधिक यात्री वेटिंग में बताए जा रहे हैं। ऐसे में दिल्ली, मुंबई और हावड़ा रूट से आने वाली ट्रेनों के तत्काल कोटे की करीब 4200 सीटें अब यात्रियों की पहली प्राथमिकता बन रही हैं। इन सीटों की बुकिंग यात्रा से एक दिन पहले होती है, इसलिए हर सीट पर दावेदारी अधिक रहने की संभावना है।
त्योहार से ठीक पहले की इस मांग ने स्पष्ट कर दिया है कि 2 और 3 मार्च को लखनऊ आने वालों के लिए समय पर टिकट सुनिश्चित करना सबसे बड़ी चुनौती बना हुआ है, चाहे विकल्प हवाई यात्रा हो या रेल।