एमपी के मौसम का फिर बदला मिजाज, कई जिलों में कोहरा-ठंड, 48 घंटे बाद बारिश की चेतावनी

भोपाल: मध्य प्रदेश में एक बार फिर मौसम का मिजाज बदलने वाला है। पिछले कुछ दिनों से मिल रही राहत के बाद 26 फरवरी से एक नया पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हो रहा है, जिसका असर प्रदेश के कई हिस्सों में देखने को मिलेगा। मौसम विभाग के अनुसार, इसके प्रभाव से ग्वालियर-चंबल संभाग और बुंदेलखंड क्षेत्र में बादल छाने और हल्की बारिश होने की संभावना है।

वर्तमान में प्रदेश के अलग-अलग इलाकों में मौसम के विभिन्न रूप देखने को मिल रहे हैं। ग्वालियर, छतरपुर, रीवा और टीकमगढ़ जैसे जिलों में सुबह के समय कोहरा छाया रहा, वहीं पचमढ़ी 6 डिग्री सेल्सियस के साथ सबसे ठंडा स्थान दर्ज किया गया। दूसरी ओर, दमोह में अधिकतम तापमान 32.5 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जिससे दिन में गर्मी का अहसास हुआ।

मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट

भोपाल मौसम विज्ञान केंद्र के विशेषज्ञ अशफाक हुसैन के अनुसार, 26 फरवरी को एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में दस्तक देगा। इसका असर मध्य प्रदेश में 27 और 28 फरवरी को दिखाई देगा। इस सिस्टम के कारण प्रदेश के उत्तरी हिस्सों में नमी आएगी, जिससे मौसम में यह बदलाव होगा।

इन इलाकों में हो सकती है बारिश

मौसम विभाग का पूर्वानुमान है कि इस सिस्टम के प्रभाव से ग्वालियर-चंबल संभाग के जिलों के साथ-साथ सागर, टीकमगढ़, पन्ना, छतरपुर, दमोह और निवाड़ी में बादल छाए रहेंगे। इन क्षेत्रों में 27 और 28 फरवरी को बूंदाबांदी या हल्की बारिश हो सकती है। हालांकि, यह सिस्टम बहुत শক্তিশালী না হওয়ায় ভারী बारिश की उम्मीद कम है।

बारिश के बाद फिर लौटेगी ठंड

मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि पश्चिमी विक्षोभ के गुजर जाने के बाद आसमान साफ होगा और हवाओं का रुख बदलेगा। इसके परिणामस्वरूप, रात के तापमान में एक बार फिर गिरावट दर्ज की जाएगी, जिससे ठंड का असर बढ़ सकता है। यह बदलाव मार्च के पहले सप्ताह तक महसूस किया जा सकता है।

पिछले 24 घंटों के दौरान प्रदेश के प्रमुख शहरों के तापमान में उतार-चढ़ाव देखा गया। भोपाल में अधिकतम तापमान 29.3 और न्यूनतम 13.8 डिग्री, इंदौर में अधिकतम 29.2 और न्यूनतम 13.0 डिग्री, ग्वालियर में अधिकतम 26.1 और न्यूनतम 10.0 डिग्री, जबकि जबलपुर में अधिकतम तापमान 29.6 और न्यूनतम 13.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।