सिंहस्थ 2028 की तैयारियों को तेज गति देने के लिए शासन स्तर पर विशेष सक्रियता दिखाई जा रही है। इसी क्रम में निर्माण कार्यों की वास्तविक स्थिति का आकलन करने के उद्देश्य से अपर मुख्य सचिव राजेश राजौरा और अपर मुख्य सचिव संजय दुबे ने स्वयं मोर्चा संभालते हुए निरीक्षण किया। यह पहल संकेत देती है कि सिंहस्थ से जुड़े कार्यों को अब केवल फाइलों तक सीमित न रखते हुए धरातल पर तेजी से आगे बढ़ाया जा रहा है।
अपर मुख्य सचिवों ने खुद किया स्थल निरीक्षण
निरीक्षण के दौरान एक अनोखा दृश्य देखने को मिला, जब अपर मुख्य सचिव संजय दुबे स्वयं वाहन चलाकर सिंहस्थ निर्माण स्थलों तक पहुंचे। उनके साथ वाहन की फ्रंट सीट पर अपर मुख्य सचिव राजेश राजौरा मौजूद रहे। इस दौरान प्रशासनिक अमला भी साथ रहा, जिससे निरीक्षण के दौरान हर स्तर पर आवश्यक जानकारी और फीडबैक तुरंत साझा किया जा सके।
प्रशासनिक टीम की सक्रिय भागीदारी
निरीक्षण वाहन में कलेक्टर रौशन कुमार सिंह सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी पीछे की सीटों पर मौजूद थे। सभी अधिकारियों ने विभिन्न निर्माण स्थलों की प्रगति, समय-सीमा और गुणवत्ता से जुड़े पहलुओं पर चर्चा की। मौके पर ही आवश्यक दिशा-निर्देश भी दिए गए, ताकि किसी भी स्तर पर लापरवाही न हो और कार्य निर्धारित समय में पूर्ण किए जा सकें।
सिंहस्थ 2028 को लेकर शासन की स्पष्ट प्राथमिकता
इस पूरे निरीक्षण से स्पष्ट है कि सिंहस्थ 2028 शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है। शीर्ष अधिकारियों की सीधी भागीदारी यह दर्शाती है कि आयोजन से जुड़े निर्माण और व्यवस्थागत कार्यों में किसी भी प्रकार की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी। आने वाले समय में भी इसी तरह लगातार निगरानी और समीक्षा के माध्यम से तैयारियों को और मजबूत किया जाएगा।