वाराणसी और पूर्वांचल के यात्रियों के लिए माघ मेला को लेकर एक अहम और थोड़ी परेशान करने वाली खबर सामने आई है। रेलवे प्रशासन ने परिचालनिक कारणों का हवाला देते हुए माघ मेला अवधि में चलाई जाने वाली कई अनारक्षित (Unreserved) विशेष ट्रेनों को रद्द करने का फैसला लिया है। यह निर्णय 1 जनवरी से 17 फरवरी 2026 तक प्रभावी रहेगा। ऐसे में प्रयागराज जाने की योजना बना रहे हजारों श्रद्धालुओं को अब यात्रा के लिए वैकल्पिक साधनों पर निर्भर रहना पड़ सकता है।
माघ मेला के दौरान हर साल श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए रेलवे अतिरिक्त स्पेशल ट्रेनें चलाता रहा है, ताकि पूर्वांचल, बिहार और सीमावर्ती क्षेत्रों से आने वाले यात्रियों को राहत मिल सके। लेकिन इस बार तस्वीर कुछ अलग नजर आ रही है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार लाइन क्षमता, ट्रैफिक दबाव और परिचालनिक जरूरतों के चलते अनारक्षित माघ मेला स्पेशल ट्रेनों का संचालन संभव नहीं हो पाएगा। इसका सीधा असर उन यात्रियों पर पड़ेगा, जो बिना रिजर्वेशन यात्रा कर स्नान पर्व में शामिल होते हैं।
छपरा–झूसी रूट पर चलने वाली अनारक्षित माघ मेला स्पेशल ट्रेनों को इस बार पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। ट्रेन संख्या 05115/05116 और 05117/05118 को 1 जनवरी से 17 फरवरी 2026 तक रद्द कर दिया गया है। ये ट्रेनें छपरा, बलिया और आसपास के इलाकों से झूसी पहुंचने वाले श्रद्धालुओं के लिए बेहद उपयोगी मानी जाती थीं। इनके रद्द होने से इस रूट पर पहले से चल रही पैसेंजर और मेल ट्रेनों में भीड़ बढ़ने की पूरी आशंका है।
इसी तरह बढ़नी–झूसी रूट पर माघ मेला के लिए चलाई जाने वाली अनारक्षित विशेष ट्रेन 05121/05122 को भी रेलवे ने निरस्त कर दिया है। यह ट्रेन खास तौर पर नेपाल सीमा से सटे इलाकों, सिद्धार्थनगर और आसपास के जिलों के श्रद्धालुओं के लिए एक आसान विकल्प थी। अब इन क्षेत्रों से प्रयागराज जाने वाले यात्रियों को या तो लंबा रूट चुनना होगा या फिर बस व अन्य साधनों पर निर्भर रहना पड़ेगा।
पूर्वांचल के घनी आबादी वाले जिलों के लिए भी यह फैसला किसी झटके से कम नहीं है। आजमगढ़–झूसी रूट पर चलने वाली अनारक्षित माघ मेला स्पेशल ट्रेन 05119/05120 को भी पूरी मेला अवधि के लिए रद्द कर दिया गया है। आजमगढ़, मऊ और आसपास के क्षेत्रों से हर साल बड़ी संख्या में श्रद्धालु प्रयागराज पहुंचते हैं। इस ट्रेन के न चलने से आम यात्रियों को खासी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
इसके अलावा गोरखपुर–प्रयागराज रामबाग रूट की अनारक्षित माघ मेला स्पेशल ट्रेन 05123/05124 भी इस अवधि में नहीं चलेगी। यह ट्रेन गोरखपुर, बस्ती, संतकबीरनगर और आसपास के जिलों के यात्रियों के लिए माघ मेला के दौरान सबसे भरोसेमंद साधनों में से एक थी। इसके रद्द होने से इस पूरे बेल्ट के यात्रियों पर अतिरिक्त दबाव पड़ेगा और अन्य ट्रेनों में भीड़ और अव्यवस्था बढ़ सकती है।
कुल मिलाकर, माघ मेला 2026 में रेलवे का यह फैसला लाखों श्रद्धालुओं की यात्रा योजनाओं को प्रभावित कर सकता है। ऐसे में यात्रियों को सलाह दी जा रही है कि वे यात्रा से पहले ट्रेनों की स्थिति जरूर जांच लें और संभव हो तो रिजर्वेशन या वैकल्पिक मार्गों की योजना पहले से बना लें, ताकि अंतिम समय में परेशानी से बचा जा सके।