25 साल पुराने जमीन विवाद में सैफ अली खान और पटौदी परिवार को बड़ी राहत, 16 एकड़ जमीन पर मिला मालिकाना हक

भोपाल: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में नवाब पटौदी परिवार से जुड़ा ढाई दशक पुराना जमीन विवाद आखिरकार खत्म हो गया है। अदालत ने अभिनेता सैफ अली खान, उनकी मां शर्मिला टैगोर और अन्य उत्तराधिकारियों के पक्ष में फैसला सुनाते हुए उन्हें बड़ी कानूनी राहत दी है। यह मामला नयापुरा स्थित करीब 16.62 एकड़ जमीन से जुड़ा था, जिस पर एक अन्य पक्ष ने अपना दावा ठोक रखा था।

क्या था पूरा मामला?

यह विवाद भोपाल के नयापुरा इलाके की बेशकीमती जमीन को लेकर था। अकील अहमद और कुछ अन्य लोगों ने इस जमीन पर अपना दावा पेश किया था। उन्होंने अदालत में याचिका दायर कर कहा था कि यह जमीन उनकी है, जबकि पटौदी परिवार इसे अपनी पैतृक संपत्ति बताता रहा है।

पिछले 25 सालों से यह मामला अदालत में विचाराधीन था, जिससे जमीन का भविष्य अधर में लटका हुआ था। दोनों पक्षों की ओर से लगातार दलीलें और सबूत पेश किए जा रहे थे, लेकिन मामले का कोई नतीजा नहीं निकल पा रहा था।

अदालत का निर्णायक फैसला

सुनवाई के दौरान, अदालत ने पाया कि याचिकाकर्ता अकील अहमद और अन्य लोग अपने दावे के समर्थन में कोई ठोस और वैध सबूत पेश करने में पूरी तरह विफल रहे। उनके द्वारा प्रस्तुत किए गए दस्तावेजों और दलीलों में मालिकाना हक साबित करने के लिए पर्याप्त आधार नहीं थे।

इसके विपरीत, पटौदी परिवार ने अपनी विरासत और स्वामित्व से जुड़े कानूनी दस्तावेज पेश किए। सभी सबूतों और गवाहों के बयानों की जांच के बाद, अदालत ने याचिकाकर्ताओं के दावे को खारिज कर दिया और जमीन पर पटौदी परिवार के स्वामित्व को सही ठहराया।

पटौदी परिवार के लिए बड़ी कानूनी जीत

इस फैसले से अभिनेता सैफ अली खान, शर्मिला टैगोर, सबा अली खान और सोहा अली खान समेत पूरे पटौदी परिवार को एक बड़ी राहत मिली है। यह उनके लिए न केवल एक कानूनी जीत है, बल्कि अपनी विरासत को बचाने की लड़ाई का सफल अंत भी है। इस फैसले के साथ ही ढाई दशक से चली आ रही अनिश्चितता पर विराम लग गया है।