Weather Update: मध्यप्रदेश में कड़ाके की ठंड और घने कोहरे ने जनजीवन को बुरी तरह प्रभावित किया है। प्रदेश के कई हिस्सों में रात का तापमान 10 डिग्री सेल्सियस से नीचे लुढ़क गया है। उमरिया जिला प्रदेश में सबसे ठंडा रहा, जहां न्यूनतम तापमान 3.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार, अभी ठंड से राहत मिलने के आसार नहीं हैं।
बुधवार सुबह प्रदेश के आधे से अधिक हिस्से घने से मध्यम कोहरे की चादर में लिपटे रहे। कोहरे का सबसे ज्यादा असर सतना, दतिया, गुना, रीवा, ग्वालियर, राजगढ़, खजुराहो, नौगांव और सीधी में देखने को मिला। विजिबिलिटी कम होने के कारण यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। विशेष रूप से रेल यातायात पर इसका गहरा प्रभाव पड़ा है, जिसके चलते दिल्ली से आने वाली लगभग एक दर्जन ट्रेनें अपने निर्धारित समय से देरी से चल रही हैं।
कई जिलों में स्कूलों की छुट्टी, समय में बदलाव
तेज ठंड को देखते हुए प्रशासन ने एहतियातन कदम उठाए हैं। इंदौर, रायसेन, ग्वालियर, मऊगंज, धार और नर्मदापुरम में बुधवार को भी स्कूलों में अवकाश घोषित किया गया है। इससे पहले भी पिछले तीन दिनों से जारी शीतलहर के कारण उज्जैन, मंदसौर, शाजापुर, विदिशा, अशोकनगर, आगर-मालवा, भिंड, टीकमगढ़, हरदा, नीमच, रतलाम, जबलपुर और बैतूल समेत कई जिलों में स्कूलों की छुट्टी कर दी गई थी।
वहीं, कुछ जिलों में स्कूलों के समय में बदलाव किया गया है। भोपाल, धार, सीहोर, अनूपपुर, बड़वानी, मुरैना और खरगोन में स्कूल अब सुबह 9 बजे के बाद संचालित किए जा रहे हैं। हालांकि, सुबह के समय ठंड का असर इतना तेज है कि बच्चों को स्कूल पहुंचने में काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
कोल्ड वेव का अलर्ट जारी
मौसम विभाग ने आगामी दिनों के लिए भी चेतावनी जारी की है। बुधवार को भोपाल, सीहोर, राजगढ़ और शाजापुर में ‘कोल्ड वेव’ (शीतलहर) चलने का अलर्ट है। इससे पूर्व शाजापुर, शहडोल, सिवनी, मंदसौर और सीहोर में शीतलहर का व्यापक प्रभाव देखा गया था। राजगढ़ और खजुराहो में तापमान 4.5 डिग्री, शिवपुरी में 5 डिग्री और रीवा में 5.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
भोपाल में ‘कोल्ड डे’ जैसे हालात
राजधानी भोपाल और राजगढ़ में तीव्र शीतलहर का दौर जारी है। भोपाल, विदिशा, सीहोर, शाजापुर और नरसिंहपुर में ‘कोल्ड डे’ जैसी स्थिति बनी हुई है, जहां दिन में भी धूप निकलने के बावजूद ठिठुरन महसूस की जा रही है। मौसम वैज्ञानिकों का कहना है कि उत्तर भारत से आ रही बर्फीली हवाओं के कारण प्रदेश में तापमान में यह गिरावट दर्ज की जा रही है।