बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र के निधन से उनका परिवार और प्रशंसक अब भी पूरी तरह उबर नहीं पाए हैं। पिछले महीने 89 वर्ष की उम्र में दुनिया को अलविदा कहने वाले धर्मेंद्र अंतिम समय तक अभिनय की दुनिया में एक्टिव थे।

अब उनकी आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ 1 जनवरी को रिलीज होने के लिए तैयार है। यह मौका देओल परिवार के लिए बेहद भावुक है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, धर्मेंद्र के बेटे सनी देओल और बॉबी देओल अपने पिता को आखिरी बार बड़े पर्दे पर देखने के लिए फिल्म की एक स्पेशल स्क्रीनिंग रखने जा रहे हैं।
देओल परिवार के लिए भावुक पल
धर्मेंद्र की यह आखिरी फिल्म न केवल उनके फैंस, बल्कि उनके परिवार के लिए भी बहुत खास है। जानकारी के अनुसार, सनी और बॉबी देओल इस फिल्म को लेकर काफी इमोशनल हैं। वे चाहते हैं कि पिता की इस आखिरी निशानी को परिवार और करीबी दोस्तों के साथ देखा जाए। इसी उद्देश्य से वे मुंबई में ‘इक्कीस’ की एक विशेष स्क्रीनिंग होस्ट करने की योजना बना रहे हैं।

रिपोर्ट्स बताती हैं कि यह स्क्रीनिंग अगले हफ्ते आयोजित की जा सकती है, हालांकि अभी तक इसकी कोई निश्चित तारीख सामने नहीं आई है। देओल परिवार के लिए यह पल यादों से भरा होगा, जब वे अपने पिता को आखिरी बार सिल्वर स्क्रीन पर अभिनय करते देखेंगे।
अगस्त्य नंदा और धर्मेंद्र आएंगे नजर
‘इक्कीस’ एक बायोपिक है, जिसका निर्देशन श्रीराम राघवन ने किया है। फिल्म में अमिताभ बच्चन के नाती अगस्त्य नंदा और सिमर भाटिया मुख्य भूमिकाओं में हैं। धर्मेंद्र भी इस फिल्म में एक अहम किरदार निभाते नजर आएंगे। श्रीराम राघवन जैसे मंझे हुए निर्देशक और धर्मेंद्र जैसे दिग्गज कलाकार का साथ आना इस फिल्म को और भी खास बनाता है।
अधूरी रह गई धर्मेंद्र की इच्छा
फिल्म को लेकर एक भावुक पहलू यह भी है कि धर्मेंद्र अपनी इस आखिरी फिल्म को पूरा नहीं देख सके। फिल्म के निर्देशक श्रीराम राघवन ने हाल ही में न्यूज एजेंसी एएनआई को दिए एक इंटरव्यू में इसका खुलासा किया। उन्होंने बताया कि धर्मेंद्र ने फिल्म का सिर्फ पहला हिस्सा (First Half) ही देखा था।
“मैं अक्टूबर में उनसे मिलने गया था। उस समय वह ठीक थे, लेकिन उनकी सेहत बहुत अच्छी नहीं थी। उन्होंने पहला हाफ देख लिया था और दूसरे हाफ का इंतजार कर रहे थे। मैं चाहता था कि वो पूरी फिल्म देखें मगर दुर्भाग्य से ऐसा नहीं हो पाया।” — श्रीराम राघवन, निर्देशक
श्रीराम राघवन की इन बातों से साफ है कि धर्मेंद्र अपने काम को लेकर आखिरी समय तक उत्साहित थे। फिल्म का रिलीज होना उनके शानदार करियर को एक अंतिम श्रद्धांजलि देने जैसा होगा।
