UPSSSC का बड़ा कदम, 1477 पदों के लिए अब ऑनलाइन होगा डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन, अभ्यर्थियों को मिली बड़ी राहत

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में सरकारी नौकरी की तैयारी कर रहे लाखों युवाओं के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (UPSSSC) ने भर्ती प्रक्रिया को और तेज और पारदर्शी बनाने के लिए ऑनलाइन डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन प्रणाली की शुरुआत की है। इस नई व्यवस्था के तहत, अब चयनित अभ्यर्थियों को अपने दस्तावेजों के सत्यापन के लिए आयोग के कार्यालय के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे।

आयोग के अध्यक्ष प्रवीर कुमार ने इस नई सुविधा का शुभारंभ किया। इस कदम से न केवल अभ्यर्थियों का समय और पैसा बचेगा, बल्कि भर्ती प्रक्रियाओं में भी तेजी आएगी। पहले, प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से उम्मीदवारों को सभी मूल प्रमाण पत्रों और उनकी फोटोकॉपी के साथ लखनऊ आना पड़ता था, जिसमें काफी असुविधा होती थी।

कनिष्ठ सहायक भर्ती 2021 से हुई शुरुआत

इस ऑनलाइन प्रणाली का पहला उपयोग कनिष्ठ सहायक (मुख्य) परीक्षा 2021 के लिए किया जा रहा है। इस भर्ती के तहत कुल 1477 पदों पर चयन होना है। आयोग ने इन पदों के लिए सफल हुए अभ्यर्थियों को 21 जून से 11 जुलाई 2024 के बीच अपने सभी शैक्षणिक और आरक्षण संबंधी प्रमाण पत्र ऑनलाइन अपलोड करने का निर्देश दिया है।

अभ्यर्थियों को आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर जाकर अपने रजिस्ट्रेशन नंबर और अन्य विवरण के साथ लॉग इन करना होगा। इसके बाद वे निर्धारित प्रारूप में अपने दस्तावेज़ अपलोड कर सकेंगे। साथ ही, उन्हें विभिन्न विभागों और पदों के लिए अपनी प्राथमिकता भी ऑनलाइन ही भरनी होगी।

कैसे काम करेगी यह नई प्रणाली?

नई ऑनलाइन डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन प्रणाली को बेहद सरल बनाया गया है। अभ्यर्थियों को आयोग के पोर्टल पर एक विशेष लिंक मिलेगा, जिस पर क्लिक करके वे प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।

प्रक्रिया के मुख्य चरण इस प्रकार हैं:

  • सबसे पहले UPSSSC की आधिकारिक वेबसाइट पर जाएं।
  • ‘ऑनलाइन डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन सिस्टम’ के लिंक पर क्लिक करें।
  • अपने परीक्षा रजिस्ट्रेशन नंबर और जन्मतिथि के साथ लॉग इन करें।
  • सभी जरूरी दस्तावेज़ों को स्कैन करके दिए गए निर्देशों के अनुसार अपलोड करें।
  • विभागों और पदों के लिए अपनी वरीयता (Preference) भरें और फॉर्म सबमिट करें।

आयोग के अनुसार, इस पहल से ‘ईज ऑफ लिविंग’ को बढ़ावा मिलेगा और युवाओं को एक सुगम और परेशानी मुक्त भर्ती अनुभव प्रदान किया जा सकेगा। यह पूरी प्रक्रिया को अधिक पारदर्शी और कुशल बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।