भागीरथपुरा क्षेत्र में दूषित पानी पीने से हुई दर्जन भर मौतों के विरोध में इंदौर शहर युवा कांग्रेस ने नगर निगम मुख्यालय के सामने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं में भारी आक्रोश देखने को मिला। प्रदर्शन के समय “सरकार जब डरती है तो पुलिस को आगे करती है” और मंत्री कैलाश विजयवर्गीय व महापौर पुष्यमित्र भार्गव के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग को लेकर जमकर नारेबाजी की गई।
नगर निगम मुख्य द्वार पर जंगी प्रदर्शन
इंदौर शहर युवा कांग्रेस के बैनर तले कार्यकर्ता नगर निगम कार्यालय के मुख्य द्वार पर एकत्रित हुए और प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। युवा कांग्रेस का आरोप था कि दूषित जल आपूर्ति के कारण हुई मौतों के लिए जिम्मेदार लोगों पर अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई है, जिससे जनता में रोष बढ़ता जा रहा है।
पुलिस से हुई धक्का-मुक्की, नेताओं की गिरफ्तारी
प्रदर्शन के दौरान पुलिस और कार्यकर्ताओं के बीच तीखी झड़प देखने को मिली। आरोप है कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ अभद्र व्यवहार किया और जमकर धक्का-मुक्की की। इस दौरान इंदौर जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े और शहर युवा कांग्रेस अध्यक्ष अमित पटेल को बलपूर्वक पुलिस वाहन में बैठाकर गिरफ्तार किया गया। उनके साथ करीब 20 से अधिक कांग्रेस कार्यकर्ताओं को भी हिरासत में लिया गया।
सेंट्रल जेल भेजे गए कार्यकर्ता
गिरफ्तार किए गए सभी कांग्रेस कार्यकर्ताओं को पुलिस सेंट्रल जेल लेकर गई। हालांकि करीब एक घंटे बाद सभी को रिहा कर दिया गया। गिरफ्तारी और पुलिस कार्रवाई के बाद कांग्रेस कार्यकर्ताओं में और अधिक नाराजगी देखने को मिली।
गिरफ्तार नेताओं में ये नाम शामिल
पुलिस द्वारा गिरफ्तार किए गए प्रमुख कार्यकर्ताओं में जिला कांग्रेस अध्यक्ष विपिन वानखेड़े, शहर युवा कांग्रेस अध्यक्ष अमित पटेल, हर्ष डांगरे, मोनिका मांडरे, सीमा मालवीय सहित अन्य कांग्रेसजन शामिल थे। युवा कांग्रेस ने चेतावनी दी है कि यदि दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।